BRABU UG 1st Semester Exam Date 2026-30 का इंतज़ार अब सत्र 2026-30 के लाखों नए विद्यार्थियों को है। बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय (BRABU), मुजफ्फरपुर में इस सत्र में 1,39,328 छात्र-छात्राओं का नामांकन हुआ है, 13 जुलाई 2026 से कक्षाएं चल रही हैं और सितंबर में कॉलेज स्तर पर मिड-टर्म परीक्षा भी शुरू हो चुकी है।
अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि पहली सेमेस्टर की विश्वविद्यालय परीक्षा कब होगी — राजभवन के नए एकीकृत कैलेंडर में ऑड सेमेस्टर की मुख्य परीक्षा 27 नवंबर से 16 दिसंबर के बीच तय है, जबकि BRABU के अपने परीक्षा कैलेंडर में यह परीक्षा दिसंबर 2026 में संभावित बताई गई है।
इस आर्टिकल में दोनों कैलेंडर को मिलाकर समझाया गया है कि परीक्षा असल में कब तक हो सकती है, एग्जाम फॉर्म इस बार UMIS की जगह Samarth Portal से क्यों भरा जाएगा, प्रैक्टिकल और एडमिट कार्ड का पैटर्न क्या रहेगा, और पिछले सत्र 2025-29 की पहली सेमेस्टर परीक्षा में क्या-क्या हुआ था।
अपने एक साल सीनियर बैच की अगली परीक्षा का हाल जानना हो तो BRABU UG 3rd Semester Exam Date 2025-29 वाला अपडेट भी देख सकते हैं। नीचे हमने सारी ज़रूरी जानकारी step by step समझाई है, ताकि आपको इससे संबंधित सभी महत्वपूर्ण जानकारी एक ही जगह मिल जाये।
यह जानकारी राजभवन (लोक भवन), पटना की 31 मई 2026 को जारी एकीकृत स्नातक शैक्षणिक कैलेंडर संबंधी अधिकारिक सूचना और BRABU परीक्षा विभाग के 18 महीने के परीक्षा कैलेंडर (अगस्त 2026) पर आधारित है। पूरा नोटिस और आगे जारी होने वाला आधिकारिक रूटीन यहां देखें पर उपलब्ध होगा।
BRABU UG 1st Semester Exam 2026-30: Overview
विश्वविद्यालय
बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय (BRABU), मुजफ्फरपुर
कोर्स
UG (BA, BSc, BCom) — चार वर्षीय स्नातक (FYUGP/CBCS)
BRABU UG 1st Semester Exam Kab Hoga 2026-30? दो कैलेंडर, एक सवाल
इस बार पहली सेमेस्टर की परीक्षा की तारीख समझने के लिए दो कैलेंडर देखने होंगे। पहला है राज्यपाल सह कुलाधिपति लेफ्टिनेंट जनरल सैय्यद अता हसनैन के निर्देश पर जारी एकीकृत शैक्षणिक कैलेंडर, जो बिहार के सभी विश्वविद्यालयों पर लागू है। इसके अनुसार ऑड सेमेस्टर (1, 3, 5 और 7) जुलाई से दिसंबर तक चलेंगे, मुख्य परीक्षा 27 नवंबर से 16 दिसंबर तक होगी और रिजल्ट 10 जनवरी को आएगा। सबसे सख्त बात यह है कि असाधारण परिस्थिति में भी इस कैलेंडर से अधिकतम 7 दिन का ही विचलन स्वीकार होगा।
दूसरा है BRABU का अपना 18 महीने का परीक्षा कैलेंडर, जिसकी रिपोर्ट अगस्त 2026 में सामने आई और जिसे राजभवन को भी भेजा गया। इसमें सत्र 2026-30 की पहली सेमेस्टर परीक्षा दिसंबर 2026 में और रिजल्ट फरवरी 2027 में संभावित बताया गया है।
हमारा आकलन: दोनों कैलेंडर को साथ रखें तो पहली सेमेस्टर की लिखित परीक्षा का सबसे मज़बूत समय नवंबर के आखिरी हफ्ते से दिसंबर के मध्य तक बनता है। 7 दिन की छूट जोड़ने पर भी परीक्षा 23 दिसंबर के आसपास तक खत्म हो जानी चाहिए। रिजल्ट के मामले में BRABU का पिछला रिकॉर्ड देखते हुए 10 जनवरी की जगह फरवरी वाली तारीख ज़्यादा व्यावहारिक लगती है। ध्यान रहे, ये संभावित तारीखें हैं — विषयवार सटीक रूटीन विश्वविद्यालय परीक्षा से पहले अलग से जारी करेगा।
BRABU 1st Semester Exam Schedule 2026-30: Important Dates
चरण
एकीकृत कैलेंडर (राजभवन)
BRABU में मौजूदा स्थिति / BRABU कैलेंडर
नामांकन
1 मई से 30 जून
मई 2026 से शुरू, स्पॉट एडमिशन 7 सितंबर 2026 तक
कक्षाएं शुरू
1 जुलाई
13 जुलाई 2026
मिड-सेमेस्टर परीक्षा
11-16 सितंबर
11 सितंबर 2026 से कॉलेज स्तर पर
कक्षाएं समाप्त
20 नवंबर
जारी होना बाकी
प्रैक्टिकल परीक्षा
20-26 नवंबर
जारी होना बाकी
मुख्य (थ्योरी) परीक्षा
27 नवंबर-16 दिसंबर
दिसंबर 2026 (संभावित)
रिजल्ट
10 जनवरी
फरवरी 2027 (संभावित)
BRABU 1st Semester Exam Form 2026: इस बार Samarth Portal से भरना होगा
सत्र 2026-30 के विद्यार्थियों के लिए सबसे बड़ा बदलाव यह है कि लोक भवन के निर्देश के अनुसार अब स्नातक विद्यार्थियों का रजिस्ट्रेशन और आगामी परीक्षाओं का परीक्षा फॉर्म राज्य सरकार के Samarth Portal से भरा जाएगा। नामांकन पूरा होने के बाद विश्वविद्यालय अपने पुराने UMIS पोर्टल से सभी विद्यार्थियों का डेटा Samarth पर ट्रांसफर कर रहा है। यानी इस बार परीक्षा फॉर्म से पहले आपका डेटा Samarth पर सही-सही दिखना ज़रूरी है।
पिछले सत्र का पैटर्न देखें तो पहली सेमेस्टर का परीक्षा फॉर्म परीक्षा से कुछ ही दिन पहले तक भरवाया गया था — सत्र 2025-29 में फॉर्म की अंतिम तारीख 6 जनवरी 2026 थी और परीक्षा 15 जनवरी से शुरू हुई। इस बार भी फॉर्म की खिड़की छोटी रह सकती है, इसलिए अभी से ये चीज़ें अपने कॉलेज से पक्की कर लें:
Samarth Portal पर आपका नाम, पिता/माता का नाम और जन्मतिथि बिल्कुल वैसा ही है जैसा 12वीं के प्रमाणपत्र में है।
आपके विषय — Major (MJC), Minor (MIC) और MDC — वही दर्ज हैं जो नामांकन के समय चुने थे।
रजिस्ट्रेशन नंबर मिल गया है या नहीं; सितंबर में मिड-टर्म से पहले एक लाख से ज़्यादा विद्यार्थियों को रोल नंबर न मिलने की शिकायत सामने आई थी।
फोटो और हस्ताक्षर साफ अपलोड हैं, और श्रेणी (Category) सही दर्ज है।
BRABU UG 1st Semester Paper Pattern: किन पेपरों की होगी परीक्षा?
चार वर्षीय स्नातक (FYUGP) में पहली सेमेस्टर की परीक्षा कई तरह के पेपरों में बंटी होती है। विषयवार रूटीन इन्हीं के हिसाब से बनता है:
पेपर का प्रकार
मतलब
MJC (Major Course)
आपका मुख्य/ऑनर्स विषय
MIC (Minor Course)
सहायक (माइनर) विषय
MDC (Multi-Disciplinary Course)
दूसरे संकाय का बहुविषयक पेपर
AEC (Ability Enhancement Course)
भाषा से जुड़ा पेपर (हिंदी/अंग्रेज़ी आदि)
SEC (Skill Enhancement Course)
कौशल आधारित पेपर
VAC (Value Added Course)
मूल्य आधारित पेपर
हाल की सेमेस्टर परीक्षाओं में BRABU ने परीक्षा दो पालियों — सुबह 9 से 12 और दोपहर 1 से 4 बजे — में ली है, और VAC, SEC व AEC जैसे पेपर विद्यार्थी के Major ग्रुप (A, B, C, D) के हिसाब से अलग-अलग पाली में रखे गए थे। इसलिए रूटीन आते ही सबसे पहले अपना ग्रुप और पाली देखें। कॉलेज स्तर पर हुई मिड-टर्म परीक्षा के अंक आंतरिक मूल्यांकन के तौर पर फाइनल रिजल्ट में जुड़ते हैं, इसलिए जिन विद्यार्थियों की मिड-टर्म छूटी है, वे तुरंत कॉलेज से संपर्क करें।
BRABU 1st Semester Admit Card 2026 कैसे मिलेगा?
पिछले सत्र 2025-29 में पहली सेमेस्टर का एडमिट कार्ड परीक्षा से महज़ 3-5 दिन पहले (10-12 जनवरी 2026 के बीच) जारी हुआ था। वहीं उसी सत्र की दूसरी सेमेस्टर परीक्षा में एडमिट कार्ड ऑनलाइन डाउनलोड के बजाय सीधे होम कॉलेज को ऑफलाइन भेजा गया। यानी तरीका हर बार एक जैसा नहीं रहता — इस बार Samarth Portal पर डाउनलोड मिलेगा या कॉलेज से लेना होगा, यह परीक्षा नोटिस से ही तय होगा। एडमिट कार्ड मिलते ही उसमें नाम, रोल नंबर, विषय कोड और परीक्षा केंद्र ज़रूर जांचें।
पिछले सत्र 2025-29 में 1st Semester Exam कैसे हुई थी?
चरण
सत्र 2025-29 (पिछला बैच)
मिड-सेमेस्टर टेस्ट
दिसंबर 2025
परीक्षा फॉर्म की अंतिम तिथि
6 जनवरी 2026
एडमिट कार्ड
10-12 जनवरी 2026
लिखित परीक्षा
15 से 30 जनवरी 2026, दो पालियों में
कुल परीक्षार्थी
लगभग 1.60 लाख
रिजल्ट (प्रोविजनल)
27 मई 2026 — परीक्षा के करीब 4 महीने बाद
इस तुलना से साफ है कि सत्र 2026-30 का शेड्यूल पिछले बैच से करीब डेढ़ महीना आगे चल रहा है। अगर परीक्षा दिसंबर में हो जाती है, तो यह BRABU में स्नातक सत्र को समय पर लाने की दिशा में बड़ा कदम होगा। आगे के सीनियर बैच में क्या चल रहा है, यह BRABU UG 5th Semester Exam Date 2024-28 और BRABU UG 7th Semester Exam Date 2023-27 वाले अपडेट में देखा जा सकता है।
BRABU 1st Semester Exam 2026 Expert Advice: पहली परीक्षा में ये गलतियां न करें
OMR पर रोल नंबर सही भरें: अगस्त 2025 में सत्र 2023-27 की तीसरी सेमेस्टर का रिजल्ट आया तो करीब 5,000 विद्यार्थियों का परिणाम सिर्फ इसलिए रुक गया क्योंकि उन्होंने OMR पर रोल नंबर नहीं लिखा था या गोले गलत भर दिए थे। पहली परीक्षा में यह गलती सबसे ज़्यादा होती है — हर पेपर में रोल नंबर लिखकर और गोले मिलाकर ही कॉपी जमा करें।
Samarth का डेटा अभी जांच लें: फॉर्म की खिड़की खुलने के बाद सुधार का समय बहुत कम मिलता है। नाम, विषय या श्रेणी में गड़बड़ी हो तो अभी कॉलेज के नोडल अधिकारी को लिखित आवेदन दें।
नवंबर की छुट्टियों का हिसाब रखें: दिवाली (8 नवंबर) से छठ (13-16 नवंबर) तक लंबी छुट्टी रहेगी और प्रैक्टिकल इसके ठीक बाद 20 नवंबर से प्रस्तावित हैं। घर जाने वाले विद्यार्थी लौटने की योजना पहले बना लें, ताकि प्रैक्टिकल न छूटे।
सिर्फ आधिकारिक रूटीन मानें: हर सेमेस्टर से पहले WhatsApp पर फर्जी रूटीन वायरल होते हैं। BRABU पहले भी रूटीन जारी करने के बाद तारीखें बदल चुका है — सत्र 2023-27 की छठी सेमेस्टर का रूटीन 22 अगस्त 2026 को आया और 2 सितंबर को संशोधित हुआ। इसलिए परीक्षा से 2-3 दिन पहले brabu.ac.in दोबारा ज़रूर देखें।
ज़रूरी कागज़ एक फोल्डर में रखें: नामांकन रसीद, कॉलेज आईडी, रजिस्ट्रेशन नंबर और मिड-टर्म का विवरण। NEP वाली क्रेडिट व्यवस्था में ABC/APAAR ID की भी ज़रूरत पड़ सकती है, इसलिए बनी न हो तो बनवा लें।
BRABU UG 1st Semester Exam – Frequently Asked Questions (FAQ)
BRABU UG 1st Semester Exam 2026-30 कब होगी?
राजभवन के एकीकृत कैलेंडर के अनुसार ऑड सेमेस्टर की मुख्य परीक्षा 27 नवंबर से 16 दिसंबर 2026 के बीच होनी है, जबकि BRABU के कैलेंडर में यह दिसंबर 2026 में संभावित है। सटीक विषयवार तारीख रूटीन जारी होने पर ही तय होगी।
BRABU 1st Semester Exam Form 2026 कहां से भरा जाएगा?
लोक भवन के निर्देश के अनुसार स्नातक विद्यार्थियों का रजिस्ट्रेशन और आगामी परीक्षा फॉर्म Samarth Portal से भरे जाएंगे। फॉर्म की तारीख अभी घोषित नहीं हुई है, इसलिए अपना डेटा Samarth पर पहले से जांच लें।
क्या BRABU 1st Semester का Admit Card ऑनलाइन मिलेगा?
इस बार का तरीका परीक्षा नोटिस से तय होगा। पिछले सत्र में पहली सेमेस्टर का एडमिट कार्ड परीक्षा से 3-5 दिन पहले जारी हुआ था, जबकि दूसरी सेमेस्टर में यह सीधे कॉलेज को ऑफलाइन भेजा गया था।
BRABU 1st Semester Result 2026-30 कब आएगा?
एकीकृत कैलेंडर में ऑड सेमेस्टर का रिजल्ट 10 जनवरी को घोषित करना तय है, जबकि BRABU के कैलेंडर में पहली सेमेस्टर का रिजल्ट फरवरी 2027 में संभावित बताया गया है। पिछले सत्र में रिजल्ट परीक्षा के करीब 4 महीने बाद आया था।
क्या Mid Term Exam के अंक फाइनल रिजल्ट में जुड़ते हैं?
हां, कॉलेज स्तर पर होने वाली मिड-टर्म परीक्षा आंतरिक मूल्यांकन का हिस्सा है और इसके अंक सेमेस्टर के फाइनल रिजल्ट में जुड़ते हैं। मिड-टर्म छूट गई हो तो तुरंत अपने कॉलेज से संपर्क करें।
क्या Bihar University Muzaffarpur Exam Date और BRABU Exam Date एक ही है?
हां, बिहार विश्वविद्यालय, मुजफ्फरपुर का नाम 1992 में बदलकर बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय (BRABU) किया गया था। इसलिए दोनों नामों से खोजी जाने वाली परीक्षा तिथि एक ही विश्वविद्यालय की है।
BRABU UG 1st Semester Exam 2026-30: Important Links
पहली सेमेस्टर की परीक्षा आपके ग्रेजुएशन की नींव है और इस बार शेड्यूल पहले से कहीं ज़्यादा कसा हुआ है — नवंबर के अंत से परीक्षा का दौर शुरू हो सकता है और बीच में लंबी छुट्टियां भी हैं। इसलिए Samarth Portal पर अपना डेटा आज ही जांचें, मिड-टर्म के अंक और रजिस्ट्रेशन नंबर पक्का करें और फॉर्म की सूचना आते ही बिना देर किए परीक्षा फॉर्म भरें। 4th Semester वाले सीनियर्स का अपडेट यहां पढ़ें, और सभी BRABU अपडेट यहां देखें।
अंतिम और सटीक जानकारी के लिए कृपया brabu.ac.in देखें।
Reviewed by Editorial Team, BRABU News Desk, schemenews.com
DSSSB District Court Vacancy 2026 का इंतज़ार कर रहे उम्मीदवारों के लिए बड़ी भर्ती आ गई है। दिल्ली अधीनस्थ सेवा चयन बोर्ड (DSSSB) ने 30 सितंबर 2026 को विज्ञापन संख्या 04/2026 (Combined Examination 2026) जारी करके दिल्ली के जिला एवं सत्र न्यायालयों और परिवार न्यायालयों (Family Courts) में 641 पदों पर भर्ती निकाली है।
इसमें Senior Personal Assistant, Personal Assistant, Junior Judicial Assistant (JJA), Process Server और Peon/Orderly/Dak Peon के पद हैं — यानी 10वीं पास से लेकर टाइपिंग-शॉर्टहैंड जानने वाले ग्रेजुएट तक, सबके लिए मौका है। ऑनलाइन आवेदन 6 अक्टूबर 2026 को दोपहर 12 बजे से dsssbonline.nic.in पर शुरू होंगे और आखिरी तारीख 4 नवंबर 2026 (रात 11 बजे) है।
इस आर्टिकल में पदवार और श्रेणीवार (category-wise) वैकेंसी, हर पद की योग्यता, 18-27 साल की आयु सीमा और छूट, Pay Level के हिसाब से अनुमानित सैलरी, Tier-I से इंटरव्यू तक का पूरा exam pattern और OARS पर आवेदन का तरीका बताया गया है। साथ ही वह शर्त भी साफ की गई है जो कई वेबसाइटों पर नहीं मिलती — दिल्ली से बाहर के OBC उम्मीदवारों को इस भर्ती में OBC आरक्षण और आयु छूट नहीं मिलती। कोर्ट की नौकरी की तैयारी कर रहे हैं तो साथ में Supreme Court Junior Court Assistant भर्ती 2026 की जानकारी भी देख लें। नीचे हमने सारी ज़रूरी जानकारी step by step समझाई है, ताकि आपको इससे संबंधित सभी महत्वपूर्ण जानकारी एक ही जगह मिल जाये।
यह जानकारी दिल्ली अधीनस्थ सेवा चयन बोर्ड (DSSSB), दिल्ली सरकार की 30 सितंबर 2026 को जारी अधिकारिक सूचना (Advertisement No. 04/2026) पर आधारित है। पूरा नोटिस यहां देखें पर उपलब्ध है।
DSSSB District Court Vacancy 2026: Overview
भर्ती बोर्ड
दिल्ली अधीनस्थ सेवा चयन बोर्ड (DSSSB), दिल्ली सरकार
विभाग
Delhi District & Sessions Courts और Family Courts
विज्ञापन संख्या
04/2026 (Combined Examination 2026)
पद
Senior Personal Assistant, Personal Assistant, Junior Judicial Assistant, Process Server, Peon/Orderly/Dak Peon
कुल पद
641 (अस्थायी, backlog पद सहित)
नौकरी का राज्य
दिल्ली (NCT) — आवेदन देश के किसी भी राज्य के भारतीय नागरिक कर सकते हैं
योग्यता
10वीं पास (Peon, Process Server) / ग्रेजुएट + टाइपिंग या शॉर्टहैंड (JJA, PA, Senior PA)
आयु सीमा
18-27 वर्ष (1 जून 2026 को), आरक्षित वर्गों को छूट
वेतन (Main Benefit)
Pay Level 3 से Level 8 — शुरुआती basic ₹21,700 से ₹47,600
आवेदन शुरू होने की तारीख
6 अक्टूबर 2026 (दोपहर 12 बजे से)
अंतिम तारीख
4 नवंबर 2026 (रात 11 बजे तक)
आवेदन शुल्क
₹100 (महिला, SC, ST, PwBD और पूर्व सैनिकों को छूट)
DSSSB District Court Vacancy 2026 Post Wise Vacancy Details
641 पदों में सबसे ज़्यादा जगह Personal Assistant (206) और Junior Judicial Assistant (174) की है — दोनों मिलाकर करीब 59% पद। Personal Assistant और JJA के पद District & Sessions Courts और Family Courts में बंटे हुए हैं। सभी पद अस्थायी (tentative) हैं और इनमें backlog पद भी शामिल हैं।
पद
पोस्ट कोड
विभाग
Pay Level
पद संख्या
Senior Personal Assistant
805/26
District & Sessions Courts
Level 8
27
Personal Assistant
805/26
District & Sessions Courts
Level 7
189
Personal Assistant
805/26
Family Courts
Level 7
17
Junior Judicial Assistant
806/26
District & Sessions Courts
Level 5
151
Junior Judicial Assistant
806/26
Family Courts
Level 5
23
Process Server
807/26
District & Sessions Courts
Level 4
91
Process Server
807/26
Family Courts
Level 4
1
Peon/Orderly/Dak Peon
808/26
District & Sessions Courts
Level 3
139
Peon/Orderly/Dak Peon
808/26
Family Courts
Level 3
3
कुल
—
—
—
641
DSSSB District Court Category Wise Vacancy 2026
पद (विभाग)
UR
OBC
SC
ST
EWS
कुल
Senior PA (DSC)
10
8
3
5
1
27
Personal Assistant (DSC)
37
52
49
37
14
189
Personal Assistant (Family Courts)
6
4
2
3
2
17
JJA (DSC)
63
40
22
11
15
151
JJA (Family Courts)
7
7
4
3
2
23
Process Server (DSC)
38
25
13
6
9
91
Process Server (Family Courts)
0
0
1
0
0
1
Peon/Orderly/Dak Peon (DSC)
56
38
21
10
14
139
Peon/Orderly/Dak Peon (Family Courts)
0
2
1
0
0
3
कुल
217
176
116
75
57
641
DSSSB District Court Vacancy 2026 Salary: किस पद पर कितनी सैलरी मिलेगी?
इस भर्ती का असली फायदा इसकी सैलरी और स्थायी सरकारी नौकरी है। नीचे हर पद का Pay Level, शुरुआती basic pay और अनुमानित कुल मासिक वेतन दिया गया है। Senior PA और Personal Assistant ग्रुप-B (नॉन-गजेटेड) पद हैं, जबकि JJA, Process Server और Peon ग्रुप-C पद हैं।
पद
ग्रुप
Pay Level
शुरुआती Basic (Pay Range)
अनुमानित कुल मासिक वेतन*
Senior Personal Assistant
B
Level 8
₹47,600 (₹47,600–₹1,51,100)
लगभग ₹96,000
Personal Assistant
B
Level 7
₹44,900 (₹44,900–₹1,42,400)
लगभग ₹91,000
Junior Judicial Assistant
C
Level 5
₹29,200 (₹29,200–₹92,300)
लगभग ₹61,000
Process Server
C
Level 4
₹25,500 (₹25,500–₹81,100)
लगभग ₹54,000
Peon/Orderly/Dak Peon
C
Level 3
₹21,700 (₹21,700–₹69,100)
लगभग ₹47,000
*यह अनुमान है: शुरुआती basic + 60% DA (जनवरी 2026 से लागू दर) + दिल्ली के लिए 30% HRA + परिवहन भत्ता (TA) जोड़कर, कटौती से पहले। NPS/पेंशन अंशदान जैसी कटौतियों के बाद हाथ में आने वाली रकम इससे कुछ कम होगी, जबकि जुलाई 2026 की DA बढ़ोतरी घोषित होने पर यह थोड़ी बढ़ जाएगी। कुछ वेबसाइटें पुरानी 42% DA दर से हिसाब लगा रही हैं, इसलिए उनके आंकड़े कम दिखते हैं।
चयन के बाद पोस्टिंग दिल्ली के किसी भी जिला अदालत परिसर — जैसे तीस हजारी, पटियाला हाउस, कड़कड़डूमा, रोहिणी, साकेत, द्वारका या राउज़ एवेन्यू — या वहां के Family Courts में हो सकती है।
DSSSB District Court Vacancy 2026 Eligibility: पद के हिसाब से योग्यता
सभी पदों के लिए उम्मीदवार का भारतीय नागरिक होना ज़रूरी है। योग्यता, स्किल और अनुभव की गिनती आवेदन की आखिरी तारीख यानी 4 नवंबर 2026 तक की होगी — जिनका ग्रेजुएशन का रिजल्ट तब तक नहीं आया है, वे ग्रेजुएट-स्तर के पदों के लिए पात्र नहीं होंगे।
पद
शैक्षणिक योग्यता
स्किल / अन्य शर्त
Senior Personal Assistant
ग्रेजुएट
अंग्रेजी शॉर्टहैंड 110 शब्द प्रति मिनट + टाइपिंग 40 शब्द प्रति मिनट
Personal Assistant
ग्रेजुएट
शॉर्टहैंड 100 शब्द प्रति मिनट + टाइपिंग 40 शब्द प्रति मिनट + कंप्यूटर की जानकारी
Junior Judicial Assistant
ग्रेजुएट
कंप्यूटर पर कम से कम 40 शब्द प्रति मिनट की टाइपिंग
Process Server
10वीं पास या समकक्ष
हल्के मोटर वाहन (LMV) का वैध ड्राइविंग लाइसेंस + कम से कम 2 साल का बेदाग ड्राइविंग अनुभव
DSSSB District Court Age Limit 2026 और आयु में छूट
सामान्य (UR/EWS) उम्मीदवार की उम्र 1 जून 2026 को 18 से 27 साल होनी चाहिए, यानी जन्म 2 जून 1999 से 1 जून 2008 के बीच हुआ हो। जन्मतिथि वही मानी जाएगी जो 10वीं के प्रमाणपत्र में दर्ज है।
श्रेणी
आयु में छूट
अधिकतम उम्र
UR / EWS
—
27 वर्ष
OBC (सिर्फ दिल्ली का प्रमाणपत्र)
3 वर्ष
30 वर्ष
SC / ST
5 वर्ष
32 वर्ष
PwBD (UR/EWS)
10 वर्ष
37 वर्ष
PwBD (OBC-Delhi)
13 वर्ष
40 वर्ष
PwBD (SC/ST)
15 वर्ष
42 वर्ष
पूर्व सैनिक
सैन्य सेवा की अवधि + 3 वर्ष
अधिकतम 55 वर्ष
OBC (Delhi) की शर्त: बिहार, यूपी और दूसरे राज्यों के OBC उम्मीदवार ज़रूर पढ़ें
DSSSB की भर्तियों में OBC आरक्षण और 3 साल की आयु छूट सिर्फ उन्हीं उम्मीदवारों को मिलती है जिनकी जाति दिल्ली की OBC सूची में है और जिनके पास दिल्ली सरकार के सक्षम अधिकारी का जारी OBC (Non-Creamy Layer) प्रमाणपत्र है। बिहार, यूपी या किसी दूसरे राज्य का OBC प्रमाणपत्र रखने वाले उम्मीदवार यहां अनारक्षित (UR) माने जाते हैं — उन्हें UR श्रेणी में आवेदन करना होगा और उनकी ऊपरी आयु सीमा 27 साल ही रहेगी। गलत श्रेणी चुनने पर दस्तावेज़ सत्यापन के समय उम्मीदवारी रद्द हो सकती है।
DSSSB District Court Vacancy 2026 Application Fee
श्रेणी
आवेदन शुल्क
UR / OBC / EWS (पुरुष)
₹100
सभी वर्गों की महिलाएं
शुल्क नहीं
SC / ST
शुल्क नहीं
PwBD (40% या अधिक दिव्यांगता)
शुल्क नहीं
पूर्व सैनिक
शुल्क नहीं
शुल्क सिर्फ SBI e-Pay से ऑनलाइन जमा होगा — किसी और तरीके से भेजी गई रकम ज़ब्त हो जाएगी। जमा किया गया शुल्क किसी भी हालत में वापस नहीं होगा। जो पूर्व सैनिक आरक्षण का लाभ लेकर पहले से केंद्र या दिल्ली सरकार की सिविल नौकरी में नियमित रूप से कार्यरत हैं, उन्हें शुल्क छूट नहीं मिलेगी।
DSSSB District Court Vacancy 2026 Selection Process और Exam Pattern
इस भर्ती में हर पद का चयन-क्रम अलग है। लिखित परीक्षा, descriptive test और स्किल/ड्राइविंग टेस्ट DSSSB लेगा, जबकि इंटरव्यू और फाइनल मेरिट लिस्ट दिल्ली जिला अदालत (प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, मुख्यालय) की ओर से तैयार होगी।
पद
Tier-I
Tier-II
Tier-III
Tier-IV
Senior PA / Personal Assistant
MCQ — 90 अंक, 90 मिनट
English Descriptive — 75 अंक
शॉर्टहैंड व टाइपिंग स्किल टेस्ट (qualifying)
इंटरव्यू — 10 अंक
Junior Judicial Assistant
MCQ — 120 अंक, 120 मिनट
English Descriptive — 100 अंक
टाइपिंग टेस्ट 40 wpm (qualifying)
इंटरव्यू — 15 अंक
Process Server
MCQ — 100 अंक, 120 मिनट
ड्राइविंग टेस्ट (qualifying)
इंटरव्यू — 15 अंक
—
Peon/Orderly/Dak Peon
MCQ — 100 अंक, 120 मिनट
इंटरव्यू — 15 अंक
—
—
Tier-I MCQ Exam Pattern: किस पद में कौन-से विषय?
विषय
Senior PA / PA
JJA
Process Server / Peon
General English और Comprehension
50
60
25 (English)
Hindi
—
—
25
General Knowledge (Current Affairs सहित)
20
30
25
General Intelligence
20
30
—
Arithmetic
—
—
25
कुल प्रश्न/अंक
90
120
100
हर सही उत्तर पर 1 अंक मिलेगा और हर गलत उत्तर पर 0.25 अंक कटेंगे। Tier-I परीक्षा की तारीख अभी घोषित नहीं हुई है।
Tier-II Descriptive, Skill Test और Interview
Senior PA / PA: Tier-I में shortlist होने पर 75 अंकों का English descriptive test, फिर शॉर्टहैंड व टाइपिंग का qualifying स्किल टेस्ट और आखिर में 10 अंकों का इंटरव्यू।
Junior Judicial Assistant: 100 अंकों का English descriptive test — निबंध (300 शब्द) 50 अंक, व्याकरण 30 अंक और अनुवाद (25 शब्द) 20 अंक। इसके बाद कंप्यूटर पर 40 wpm का qualifying टाइपिंग टेस्ट और 15 अंकों का इंटरव्यू।
Process Server: लिखित परीक्षा के बाद असली ट्रैफिक में ड्राइविंग टेस्ट (सिर्फ qualifying) और फिर 15 अंकों का इंटरव्यू।
Peon/Orderly/Dak Peon: लिखित परीक्षा से shortlist होने के बाद सीधे 15 अंकों का इंटरव्यू।
DSSSB District Court Final Merit कैसे बनेगी?
Senior PA, PA और JJA में Tier-I सिर्फ shortlisting के लिए है — फाइनल मेरिट Tier-II (descriptive) और इंटरव्यू के अंकों को जोड़कर बनेगी। Process Server और Peon में फाइनल मेरिट लिखित परीक्षा और इंटरव्यू के अंकों से बनेगी, जबकि ड्राइविंग टेस्ट सिर्फ पास करना होता है। मेरिट के बाद दस्तावेज़ सत्यापन होगा।
DSSSB District Court Vacancy 2026 Required Documents
फोटो पहचान पत्र (PAN, वोटर ID, ड्राइविंग लाइसेंस या पासपोर्ट) की स्कैन कॉपी — JPG/JPEG, 15 से 60 KB; आधार से पहचान देने पर स्कैन अपलोड की ज़रूरत नहीं
हाल की रंगीन पासपोर्ट साइज फोटो (सादा सफ़ेद या हल्का बैकग्राउंड, पूरा चेहरा साफ) और हस्ताक्षर
10वीं का प्रमाणपत्र और अंकपत्र (जन्मतिथि और 10वीं का रोल नंबर इसी से भरना है)
ग्रेजुएशन की डिग्री और अंकपत्र — Senior PA, PA और JJA के लिए
LMV ड्राइविंग लाइसेंस और 2 साल के ड्राइविंग अनुभव का प्रमाण — Process Server के लिए
श्रेणी प्रमाणपत्र: SC/ST, OBC (दिल्ली) नॉन-क्रीमी लेयर, मान्य EWS Income and Asset Certificate — जो लागू हो
दिव्यांगता प्रमाणपत्र (40% या अधिक) / UDID, पूर्व सैनिक का डिस्चार्ज प्रमाणपत्र — जो लागू हो
चालू मोबाइल नंबर और ईमेल ID (दोनों OTP से वेरिफाई होंगे)
DSSSB District Court Vacancy 2026 Apply Online: dsssbonline.nic.in पर आवेदन कैसे करें?
DSSSB District Court Vacancy 2026 apply kaise kare — यह सवाल सबसे ज़्यादा पूछा जा रहा है। आवेदन सिर्फ ऑनलाइन, DSSSB के OARS पोर्टल पर 6 अक्टूबर 2026 (दोपहर 12 बजे) से 4 नवंबर 2026 (रात 11 बजे) के बीच होगा:
dsssbonline.nic.in खोलें। अगर पहले से OARS पर रजिस्ट्रेशन नहीं है, तो ‘Click for New Registration’ पर क्लिक करें। पहले से रजिस्टर्ड हैं तो नया रजिस्ट्रेशन न बनाएं।
रजिस्ट्रेशन फॉर्म भरने के लिए 30 मिनट का सेशन मिलता है, इसलिए फोटो ID की स्कैन कॉपी और 10वीं का रोल नंबर पहले से तैयार रखें।
नाम, जन्मतिथि (10वीं के अनुसार) और बाकी जानकारी भरें, फिर मोबाइल नंबर और ईमेल को OTP से वेरिफाई करें। सबमिट करने से पहले preview ज़रूर देखें — रजिस्ट्रेशन की जानकारी बाद में नहीं बदलती।
मिले हुए Registration Number और पासवर्ड से लॉगिन करें।
Advertisement No. 04/2026 में वह पोस्ट कोड चुनें जिसके लिए आप योग्य हैं — 805/26 (Senior PA/PA), 806/26 (JJA), 807/26 (Process Server) या 808/26 (Peon)। एक से ज़्यादा पदों के योग्य हैं तो इसी एक रजिस्ट्रेशन से उनके लिए भी आवेदन करें।
शैक्षणिक योग्यता, श्रेणी और बाकी विवरण भरें, फोटो और हस्ताक्षर अपलोड करें।
लागू हो तो ₹100 शुल्क SBI e-Pay से जमा करें।
आवेदन का preview जांचकर final submit करें और आवेदन पत्र व शुल्क रसीद डाउनलोड करके संभाल लें — सबमिट के बाद फॉर्म में बदलाव नहीं होगा।
एक उम्मीदवार का सिर्फ एक OARS रजिस्ट्रेशन होना चाहिए। एक से ज़्यादा रजिस्ट्रेशन या एक ही पद के लिए कई आवेदन पकड़े जाने पर उम्मीदवारी रद्द हो सकती है और आगे की DSSSB परीक्षाओं से रोक भी लग सकती है।
DSSSB District Court Vacancy 2026 Expert Advice: आवेदन और तैयारी से पहले ये 8 बातें जान लें
Senior PA, PA और JJA में English ही फैसला करेगी: Tier-I में आधे से ज़्यादा सवाल General English के हैं, Tier-I सिर्फ shortlisting के लिए है और फाइनल मेरिट English descriptive व इंटरव्यू से बनती है। 2024 की पिछली District Courts भर्ती में भी DSSSB ने Tier-I को सिर्फ shortlisting के लिए रखा था। इसलिए अभी से हर हफ्ते 2-3 निबंध, व्याकरण और हिंदी से अंग्रेज़ी अनुवाद की प्रैक्टिस शुरू कर दें।
स्किल टेस्ट को हल्के में न लें: JJA के लिए कंप्यूटर पर 40 wpm टाइपिंग और PA/Senior PA के लिए 100/110 wpm शॉर्टहैंड पास करना ज़रूरी है — Tier-I में अच्छे अंक होने के बावजूद इसमें फेल होने पर बाहर हो जाएंगे। रोज़ कम से कम एक घंटा कंप्यूटर पर टाइपिंग करें; इसी तैयारी से SSC CHSL भर्ती 2026 जैसी दूसरी टाइपिंग-आधारित परीक्षाओं में भी फायदा मिलेगा।
Hindi-medium उम्मीदवारों के लिए: Process Server और Peon के पेपर में Hindi का 25 अंकों का अलग सेक्शन है, लेकिन JJA/PA/Senior PA के पेपर में Hindi सेक्शन नहीं है। पद चुनते समय अपनी English की तैयारी का ईमानदारी से आकलन करें।
OBC प्रमाणपत्र की श्रेणी सही चुनें: दिल्ली का OBC (NCL) प्रमाणपत्र नहीं है तो UR में आवेदन करें। बिहार या दूसरे राज्य का OBC प्रमाणपत्र यहां आरक्षण या आयु छूट नहीं दिलाएगा।
Process Server के लिए लाइसेंस और अनुभव पहले जांच लें: LMV लाइसेंस और 2 साल का बेदाग ड्राइविंग अनुभव 4 नवंबर 2026 तक पूरा होना चाहिए। लाइसेंस हाल ही में बना है तो अनुभव की शर्त पर नोटिफिकेशन पढ़कर ही आवेदन करें।
फाइनल ईयर वाले ध्यान दें: ग्रेजुएशन का रिजल्ट 4 नवंबर 2026 तक घोषित नहीं हुआ तो आप Senior PA, PA या JJA के लिए पात्र नहीं होंगे।
दिल्ली जाने की योजना पहले बनाएं: DSSSB की परीक्षाएं आम तौर पर दिल्ली-NCR के केंद्रों पर होती हैं और स्किल टेस्ट, ड्राइविंग टेस्ट व इंटरव्यू दिल्ली में होंगे। बिहार या दूसरे राज्यों के उम्मीदवार यात्रा और ठहरने का इंतज़ाम पहले से सोच लें।
आखिरी दिनों का इंतज़ार न करें: बंद होने से पहले OARS पोर्टल पर भारी लोड रहता है और कनेक्टिविटी की दिक्कत पर तारीख नहीं बढ़ती। धुंधली फोटो पर आवेदन खारिज हो सकता है, इसलिए साफ फोटो के साथ शुरुआती दिनों में ही फॉर्म भर दें।
DSSSB District Court Vacancy 2026 – Frequently Asked Questions (FAQ)
DSSSB District Court Vacancy 2026 में कुल कितने पद हैं?
कुल 641 पद हैं — Personal Assistant 206, Junior Judicial Assistant 174, Peon/Orderly/Dak Peon 142, Process Server 92 और Senior Personal Assistant 27। ये पद अस्थायी हैं और इनमें backlog पद भी शामिल हैं।
DSSSB District Court Vacancy 2026 की last date क्या है?
ऑनलाइन आवेदन 6 अक्टूबर 2026 को दोपहर 12 बजे शुरू होंगे और 4 नवंबर 2026 को रात 11 बजे तक चलेंगे। आवेदन सिर्फ dsssbonline.nic.in पर होगा।
क्या बिहार या दूसरे राज्य के उम्मीदवार DSSSB District Court भर्ती में आवेदन कर सकते हैं?
हां, कोई भी भारतीय नागरिक आवेदन कर सकता है। लेकिन OBC आरक्षण और 3 साल की आयु छूट सिर्फ दिल्ली के OBC प्रमाणपत्र पर मिलती है; दूसरे राज्यों के OBC उम्मीदवारों को UR में आवेदन करना होगा।
DSSSB District Court में 10वीं पास के लिए कौन-से पद हैं?
10वीं पास उम्मीदवार Peon/Orderly/Dak Peon (142 पद) और Process Server (92 पद) के लिए आवेदन कर सकते हैं। Process Server के लिए साथ में LMV ड्राइविंग लाइसेंस और 2 साल का बेदाग ड्राइविंग अनुभव भी ज़रूरी है।
क्या JJA और Personal Assistant का पेपर हिंदी में भी होगा?
JJA और PA/Senior PA के Tier-I में Hindi सेक्शन नहीं है — इसमें आधे से ज़्यादा सवाल General English के हैं और Tier-II भी English लेखन (निबंध, व्याकरण, अनुवाद) का है। Hindi का 25 अंकों का अलग सेक्शन सिर्फ Process Server और Peon के पेपर में है।
DSSSB District Court Vacancy 2026 में सैलरी कितनी मिलेगी?
पद के हिसाब से Pay Level 3 से Level 8 मिलेगा, यानी शुरुआती basic pay ₹21,700 (Peon) से ₹47,600 (Senior PA) तक। DA, HRA और TA जोड़कर दिल्ली में शुरुआती कुल मासिक वेतन लगभग ₹47,000 से ₹96,000 के बीच बनता है (अनुमानित, कटौती से पहले)।
DSSSB District Court Vacancy 2026: Important Links
आवेदन की खिड़की 6 अक्टूबर से 4 नवंबर 2026 तक सिर्फ 30 दिन खुली है। अपना पद, श्रेणी (खासकर OBC-Delhi वाली शर्त) और दस्तावेज़ आज ही तय कर लें, पोर्टल खुलते ही शुरुआती दिनों में फॉर्म भरें और उसी दिन से टाइपिंग व English की तैयारी शुरू कर दें — इस भर्ती में सीट उसी की होगी जो लिखित परीक्षा के साथ स्किल टेस्ट और descriptive में भी तैयार मिलेगा। और सभी Sarkari Naukri अपडेट यहां देखें।
Pradhan Mantri Matru Vandana Yojana 2026 इस समय खास चर्चा में है, क्योंकि योजना के 10 साल पूरे होने पर महिला एवं बाल विकास मंत्रालय ने 9 सितंबर से 8 अक्टूबर 2026 तक चल रहे राष्ट्रीय पोषण माह में PMMVY को एक मुख्य थीम बनाया है। इस दौरान आंगनबाड़ी स्तर पर पात्र गर्भवती और स्तनपान कराने वाली महिलाओं का 100% पंजीकरण कराने और अटके DBT भुगतान जल्दी निपटाने का अभियान चल रहा है। मंत्रालय के मुताबिक अब तक 4.65 करोड़ से ज़्यादा माताओं के खाते में ₹21,000 करोड़ से अधिक की राशि भेजी जा चुकी है। अगर आपके घर में कोई महिला पहली बार मां बनने वाली है या दूसरी बार गर्भवती है, तो अभियान खत्म होने से पहले पंजीकरण पक्का कर लेना समझदारी है।
पीएम मातृ वंदना योजना (PMMVY) केंद्र सरकार की मातृत्व लाभ योजना है, जिसमें पहली संतान पर ₹5,000 दो किस्तों में और दूसरी संतान बेटी होने पर ₹6,000 एक किस्त में सीधे बैंक खाते में आते हैं। इस आर्टिकल में बताया गया है कि पूरे ₹11,000 असल में किसे मिलते हैं, पात्रता की 11 श्रेणियां कौन-सी हैं, कौन-से दस्तावेज़ ज़रूरी हैं और कौन-से नहीं, pmmvy.wcd.gov.in पर खुद आवेदन कैसे करें, status कैसे देखें और पैसा अटक जाए तो शिकायत कहां करें। साथ ही यह भी साफ किया गया है कि अस्पताल में डिलीवरी पर मिलने वाली जननी सुरक्षा योजना (JSY) की राशि इससे अलग क्यों है। इस आर्टिकल में हमने हर छोटी-बड़ी बात कवर की है, ताकि आप बिना कोई confusion के apply कर सकें।
यह जानकारी महिला एवं बाल विकास मंत्रालय, भारत सरकार की 14 जुलाई 2022 को जारी अधिकारिक guideline (Mission Shakti Guidelines — PMMVY 2.0 के नियम 1 अप्रैल 2022 से लागू) और मंत्रालय के आधिकारिक PMMVY पेज (29 सितंबर 2026 को अपडेट) पर आधारित है। पूरा नोटिस यहां देखें पर उपलब्ध है।
PMMVY 2.0 Latest Update 2026: इस साल क्या-क्या नया है?
PMMVY में पिछले डेढ़ साल में कई बदलाव हुए हैं, जिनकी जानकारी ज़्यादातर पुराने आर्टिकल्स में नहीं मिलती। आवेदन से पहले ये बातें जान लेना ज़रूरी है:
10 साल और पोषण माह 2026: 9 सितंबर 2026 को वाराणसी से शुरू हुए 9वें राष्ट्रीय पोषण माह (थीम: ‘हमारी आंगनबाड़ी, हमारी ज़िम्मेदारी’) में PMMVY के 10 साल को अलग थीम बनाया गया है। इस दौरान पात्र महिलाओं के 100% पंजीकरण और DBT भुगतान तेज़ करने पर ज़ोर है।
नया हेल्पलाइन नंबर 1515: 1 नवंबर 2025 से PMMVY और पोषण का टोल-फ्री नंबर 14408 की जगह 1515 हो गया है। कई वेबसाइटें अब भी पुराना नंबर लिख रही हैं।
Face Authentication अनिवार्य: 21 मई 2025 से हर नए आवेदन में चेहरे से बायोमेट्रिक सत्यापन (Facial Recognition System) ज़रूरी है। यह Poshan Tracker के FRS से होता है, और वहां दिक्कत हो तो UIDAI के Aadhaar FaceRD ऐप का विकल्प है।
Due List: Poshan Tracker में दर्ज गर्भवती और धात्री महिलाओं की एक ‘Due List’ सीधे आंगनबाड़ी सेविका और आशा के पास पहुंचती है। उन्हें हर नाम पर या तो पंजीकरण करना होता है या ठोस कारण लिखकर रिजेक्ट करना होता है।
शिकायत व्यवस्था मज़बूत: फरवरी 2025 से पोर्टल पर Grievance Module चालू है। जनवरी 2026 में प्रधानमंत्री की समीक्षा के बाद राज्यों को शिकायतें एक महीने के भीतर निपटाने को कहा गया; उस समय तक दर्ज करीब 60,000 शिकायतों में से 85% का निपटारा 18-19 दिन में हो चुका था।
पति का आधार ज़रूरी नहीं: PMMVY 2.0 में पति के आधार की अनिवार्यता हटा दी गई है, ताकि अकेली या परित्यक्त माताएं भी बिना रुकावट लाभ ले सकें।
PMMVY 1.0 और PMMVY 2.0 का फर्क एक नज़र में:
बिंदु
PMMVY 1.0 (2017 से)
PMMVY 2.0 (1 अप्रैल 2022 से)
पहली संतान की किस्तें
3 किस्तें (₹1,000 + ₹2,000 + ₹2,000)
2 किस्तें (₹3,000 + ₹2,000)
दूसरी संतान
कोई लाभ नहीं
बेटी होने पर ₹6,000 (एक किस्त)
आधार
सिर्फ तीसरी किस्त पर अनिवार्य
पंजीकरण से ही अनिवार्य, भुगतान भी आधार आधारित
पति का आधार
मांगा जाता था
अनिवार्य नहीं
गर्भपात/मृत शिशु जन्म
दोबारा पंजीकरण का प्रावधान नहीं
अगली गर्भावस्था में नई लाभार्थी मानी जाएंगी
खुद रजिस्ट्रेशन
सिर्फ दिल्ली और UP में पायलट
पूरे देश में Citizen Login और मोबाइल ऐप से
PMMVY Important Dates 2026: ज़रूरी तारीखें और समय-सीमा
घटना / नियम
तारीख / समय-सीमा
योजना देशभर में लागू
1 जनवरी 2017
PMMVY 2.0 (दूसरी बेटी पर ₹6,000) लागू
1 अप्रैल 2022
दूसरी बेटी के लाभ के लिए जन्म की तारीख
1 अप्रैल 2022 या उसके बाद
नया PMMVYsoft पोर्टल (pmmvy.wcd.gov.in)
मार्च 2023 से
Face Authentication अनिवार्य
21 मई 2025 से सभी नए आवेदन
नया हेल्पलाइन नंबर 1515
1 नवंबर 2025 से
पहली किस्त की शर्त
LMP (आखिरी माहवारी की तारीख) से 6 महीने के भीतर ANC जांच
प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना केंद्र सरकार की मातृत्व लाभ योजना है, जो राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA), 2013 की धारा 4 के तहत चलती है। इसका मकसद गर्भावस्था और प्रसव के समय होने वाले मज़दूरी या कमाई के नुकसान की आंशिक भरपाई करना है, ताकि महिला प्रसव से पहले और बाद में ठीक से आराम कर सके और नियमित जांच, टीकाकरण जैसी स्वास्थ्य सेवाएं अपनाए। दूसरी संतान बेटी होने पर अतिरिक्त राशि देकर बेटियों के प्रति सकारात्मक सोच बढ़ाना भी इसका लक्ष्य है।
यह योजना पहले इंदिरा गांधी मातृत्व सहयोग योजना (IGMSY, 2010) के नाम से चुनिंदा जिलों में पायलट के तौर पर चलती थी। 1 जनवरी 2017 से इसे नए नाम के साथ पूरे देश में लागू किया गया। वित्त वर्ष 2021-22 के बाद यह ICDS से निकलकर Mission Shakti की ‘सामर्थ्य’ (Samarthya) उप-योजना का हिस्सा है। खर्च केंद्र और राज्य मिलकर उठाते हैं — सामान्य राज्यों में 60:40, पूर्वोत्तर व हिमालयी राज्यों में 90:10, और बिना विधानसभा वाले केंद्र शासित प्रदेशों में पूरा खर्च केंद्र देता है।
नकद राशि के अलावा NFSA के तहत गर्भावस्था के दौरान और प्रसव के 6 महीने बाद तक आंगनबाड़ी से पोषाहार (भोजन या टेक-होम राशन) का लाभ भी मिलता है। कई लोग इस योजना को ‘गर्भवती महिला योजना’, ‘Pregnancy Yojana ₹5000’ या ‘Anganwadi Labharthi Yojana’ के नाम से भी खोजते हैं। इन नामों से मिलने वाली जानकारी आम तौर पर आंगनबाड़ी में होने वाले लाभार्थी पंजीकरण और PMMVY से ही जुड़ी होती है, क्योंकि आंगनबाड़ी केंद्र ही इस योजना का मुख्य पंजीकरण केंद्र है।
अगर आपका सवाल है कि मातृ वंदना योजना में कितना पैसा मिलता है, तो सीधी बात यह है — हर गर्भवती महिला को ₹11,000 नहीं मिलते। पहली जीवित संतान पर ₹5,000 मिलते हैं, और ₹6,000 सिर्फ तब मिलते हैं जब दूसरी संतान बेटी हो। पूरी राशि DBT से सीधे महिला के आधार से seeded बैंक या पोस्ट ऑफिस खाते में आती है। नीचे किस्तवार पूरा ब्योरा है:
लाभ / किस्त
शर्त
राशि
पहली संतान — पहली किस्त
आंगनबाड़ी केंद्र या अनुमोदित स्वास्थ्य केंद्र पर गर्भावस्था का पंजीकरण और LMP से 6 महीने के भीतर कम से कम एक ANC जांच
₹3,000
पहली संतान — दूसरी किस्त
बच्चे के जन्म का पंजीकरण और पहला टीकाकरण चक्र (BCG, OPV, DPT, Hepatitis-B) यानी 14 हफ्ते तक के टीके पूरे
₹2,000
दूसरी संतान (सिर्फ बेटी) — एक किस्त
गर्भावस्था में पंजीकरण, कम से कम दो ANC, जन्म का पंजीकरण और 14 हफ्ते तक के टीके पूरे
₹6,000
जननी सुरक्षा योजना (JSY) — अलग योजना
सरकारी या मान्यता प्राप्त अस्पताल में प्रसव (स्वास्थ्य विभाग से भुगतान)
लगभग ₹600 से ₹1,400 (राज्य और ग्रामीण/शहरी क्षेत्र के हिसाब से)
मंत्रालय के मुताबिक पहली संतान पर PMMVY के ₹5,000 और संस्थागत प्रसव पर JSY की राशि मिलाकर एक महिला को औसतन करीब ₹6,000 मिलते हैं। ध्यान रहे, JSY का पैसा स्वास्थ्य विभाग के ज़रिए आता है, इसलिए उसका status PMMVY पोर्टल पर नहीं दिखेगा।
Pradhan Mantri Matru Vandana Yojana Second Child Amount: दूसरी बेटी पर ₹6,000 की शर्तें
राशि ₹6,000 है, जो बच्चे के जन्म के बाद एक ही किस्त में मिलती है।
यह सिर्फ बेटी होने पर मिलती है — दूसरी संतान बेटा होने पर इस योजना में कोई राशि नहीं मिलती।
बेटी का जन्म 1 अप्रैल 2022 या उसके बाद हुआ हो।
गर्भावस्था के दौरान ही पंजीकरण अनिवार्य है। जन्म के बाद पहली बार आवेदन करने पर यह लाभ नहीं मिलेगा।
कम से कम दो ANC (बेहतर हो कि LMP से 6 महीने के भीतर), जन्म का पंजीकरण और बच्ची के 14 हफ्ते तक के सभी टीके पूरे होने चाहिए।
दूसरी गर्भावस्था में जुड़वां या तीन बच्चे हों और उनमें कम से कम एक बेटी हो, तब भी ₹6,000 का लाभ मिलता है।
बेटी के जन्म पर मिली यह राशि परिवार चाहे तो उसके भविष्य के लिए सुकन्या समृद्धि योजना के खाते में भी लगा सकता है।
₹11,000 का आंकड़ा दो अलग-अलग प्रसव को जोड़कर बनता है — पहली संतान के ₹5,000 और दूसरी संतान (बेटी) के ₹6,000। यह पैसा एक साथ नहीं, बल्कि दो गर्भावस्थाओं में तीन भुगतानों में आता है। नीचे की टेबल से अपनी स्थिति समझें:
आपकी स्थिति
PMMVY से कुल राशि
सिर्फ पहली संतान (बेटा या बेटी, कोई भी)
₹5,000
पहली संतान + दूसरी संतान बेटी (गर्भावस्था में पंजीकरण के साथ)
₹5,000 + ₹6,000 = ₹11,000
पहली संतान + दूसरी संतान बेटा
₹5,000 (दूसरे बच्चे पर कुछ नहीं)
पहली संतान का लाभ नहीं लिया या समय-सीमा निकल गई, दूसरी संतान बेटी
सिर्फ ₹6,000 (बाकी शर्तें पूरी होने पर)
दूसरी गर्भावस्था में जुड़वां, कम से कम एक बेटी
दूसरी बेटी वाले ₹6,000
तीसरी या उसके बाद की संतान
कोई लाभ नहीं
एक बात और — JSY की राशि इस ₹11,000 में शामिल नहीं है, वह अलग से मिलती है।
PM Matru Vandana Yojana Eligibility: किन महिलाओं को मिलेगा लाभ?
PMMVY सभी महिलाओं के लिए नहीं है — यह सामाजिक और आर्थिक रूप से वंचित वर्ग की महिलाओं के लिए है। आवेदन से पहले ये बुनियादी शर्तें देख लें:
महिला गर्भवती हो या स्तनपान कराने वाली मां (lactating mother) हो।
बच्चे के जन्म के समय उसकी उम्र 18 वर्ष 7 महीने से 55 वर्ष के बीच हो।
लाभ पहली जीवित संतान पर मिलता है, और दूसरी संतान पर सिर्फ बेटी होने पर।
वह नीचे दी गई पात्र श्रेणियों में से कम से कम एक में आती हो।
केंद्र/राज्य सरकार या सार्वजनिक उपक्रम (PSU) में नियमित नौकरी करने वाली, या किसी कानून के तहत पहले से ऐसा ही मातृत्व लाभ पाने वाली महिलाएं पात्र नहीं हैं।
महिला का आधार नंबर और आधार से seeded बैंक या पोस्ट ऑफिस खाता होना ज़रूरी है।
PMMVY की 11 पात्र श्रेणियां और उनके प्रमाण
क्र.
पात्र श्रेणी
आम तौर पर लगने वाला प्रमाण
1
अनुसूचित जाति (SC) या अनुसूचित जनजाति (ST) की महिलाएं
गर्भवती या धात्री आंगनबाड़ी सेविका, सहायिका या आशा
कार्यकर्ता होने का प्रमाण
11
केंद्र सरकार द्वारा समय-समय पर तय की गई कोई अन्य श्रेणी
संबंधित अधिसूचना के अनुसार
इन श्रेणियों में से किसी एक का प्रमाण काफी है। 19 साल वाला भ्रम: कई वेबसाइटों पर न्यूनतम उम्र ’19 वर्ष’ लिखी मिलती है, जो पुरानी IGMSY योजना के समय की शर्त थी। मंत्रालय के मौजूदा FAQ के मुताबिक PMMVY 2.0 में बच्चे के जन्म के समय मां की उम्र 18 वर्ष 7 महीने से 55 वर्ष के बीच होनी चाहिए।
खास स्थितियां: गर्भपात, जुड़वां बच्चे और प्राइवेट अस्पताल
गर्भपात या मृत शिशु जन्म (still birth) होने पर महिला को अगली गर्भावस्था में नई लाभार्थी माना जाएगा।
दूसरी गर्भावस्था में जुड़वां या तीन बच्चे हों और उनमें कोई बेटी हो, तो दूसरी बेटी वाला ₹6,000 मिलेगा।
प्राइवेट अस्पताल में ANC और डिलीवरी कराने पर भी लाभ मिलता है, बशर्ते सभी शर्तें पूरी हों। पहली किस्त के लिए MCP कार्ड अनिवार्य है।
जिन्हें PMMVY 1.0 में पहली किस्त मिल चुकी थी, उन्हें बाकी भुगतान पुराने नियमों के हिसाब से मिलता है।
मंत्रालय के FAQ के अनुसार PMMVY 2.0 में कागज़ी झंझट काफी कम है — ज़्यादातर मामलों में आधार नंबर, MCP/RCH कार्ड और पात्रता का एक प्रमाण ही मुख्य दस्तावेज़ हैं। पूरी लिस्ट नीचे है:
दस्तावेज़
कब चाहिए
ज़रूरी है?
महिला का आधार कार्ड
पंजीकरण के समय (Face Authentication भी इसी से)
हां, अनिवार्य
MCP/RCH कार्ड (LMP और ANC की तारीख के साथ)
पहली किस्त
हां, अनिवार्य
पात्रता का कोई एक प्रमाण (ऊपर की श्रेणियों में से)
MCP कार्ड में लिखी LMP (आखिरी माहवारी की तारीख) को ही गर्भावस्था की तारीख माना जाता है, इसलिए इसकी फोटो या कॉपी साफ और सही होनी चाहिए।
PMMVY Online Apply 2026: आवेदन के 3 आसान तरीके
PMMVY Online Registration अब पूरी तरह paperless है। मार्च 2023 से पुराने PMMVY-CAS पोर्टल (pmmvy-cas.nic.in / pmmvy.nic.in) की जगह नया PMMVYsoft MIS पोर्टल pmmvy.wcd.gov.in चल रहा है। Pradhan Mantri Matru Vandana Yojana Online Registration 2026 के लिए आपके पास तीन रास्ते हैं:
खुद आवेदन (Citizen Login): pmmvy.wcd.gov.in पर मोबाइल OTP से, घर बैठे।
आंगनबाड़ी सेविका या आशा के ज़रिए: वे PMMVY ऐप से घर पर या केंद्र पर आपका आवेदन भरती हैं।
आंगनबाड़ी केंद्र या अनुमोदित स्वास्थ्य केंद्र जाकर: जहां कर्मचारी आपके कागज़ देखकर ऑनलाइन एंट्री करते हैं।
कोई भी तरीका चुनें, आखिर में आंगनबाड़ी सेविका या आशा द्वारा फील्ड वेरिफिकेशन और Face Authentication ज़रूरी है।
मोबाइल या कंप्यूटर पर pmmvy.wcd.gov.in खोलें और होमपेज पर ‘Citizen Login’ पर क्लिक करें।
अपना 10 अंकों का मोबाइल नंबर डालकर ‘Verify’ करें। पहली बार आ रही हैं तो नाम, राज्य, जिला, क्षेत्र (ग्रामीण/शहरी), ब्लॉक, गांव और लाभार्थी से अपना संबंध भरकर अकाउंट बनाएं।
अब मोबाइल नंबर, SMS से आया OTP और Captcha भरकर लॉगिन करें।
डैशबोर्ड पर ‘Data Entry’ में जाकर ‘Beneficiary Registration’ चुनें।
First Child या Second Child का सही विकल्प चुनें। आधार के अनुसार नाम और जन्मतिथि, MCP कार्ड से LMP व ANC की तारीख, पात्रता श्रेणी और बैंक/पोस्ट ऑफिस खाते का विवरण भरें।
पात्रता का प्रमाण और MCP कार्ड अपलोड करके फॉर्म सबमिट करें, फिर Registration ID नोट कर लें।
इसके बाद आपकी आंगनबाड़ी सेविका या आशा फील्ड वेरिफिकेशन और Face Authentication करेंगी — इसके बिना आवेदन आगे नहीं बढ़ेगा।
बच्चे के जन्म और 14 हफ्ते के टीकों के बाद दूसरी किस्त के लिए जन्म और टीकाकरण की जानकारी अपडेट करवाएं।
PMMVY Login पूरी तरह OTP आधारित है, यानी कोई पासवर्ड याद रखने की ज़रूरत नहीं — बस रजिस्टर्ड मोबाइल पास होना चाहिए। परिवार का कोई सदस्य मदद कर सकता है, पर OTP महिला के रजिस्टर्ड नंबर पर ही आएगा। पोर्टल पर दिखने वाला ‘PMMVYsoft MIS Login’ या ‘PMMVY Soft Login’ सिर्फ आंगनबाड़ी सेविका, आशा और अधिकारियों के लिए है, आम आवेदिका के लिए नहीं।
कई लोग PMMVY App download के बारे में पूछते हैं। PMMVY मोबाइल ऐप मुख्य रूप से फील्ड कार्यकर्ताओं के काम के लिए है; आवेदिका मोबाइल ब्राउज़र में ही पोर्टल खोलकर PM Matru Vandana Yojana Apply Online का पूरा काम कर सकती है। UMANG ऐप पर योजना की जानकारी मिल जाती है, लेकिन सबसे भरोसेमंद रास्ता pmmvy.wcd.gov.in या आपकी आंगनबाड़ी ही है।
आंगनबाड़ी या आशा के ज़रिए आवेदन (Offline तरीका)
आधार कार्ड, MCP कार्ड, बैंक या पोस्ट ऑफिस पासबुक, मोबाइल और पात्रता का एक प्रमाण लेकर अपने आंगनबाड़ी केंद्र जाएं या आशा दीदी से संपर्क करें।
आंगनबाड़ी में Poshan Tracker पर गर्भवती के रूप में नाम दर्ज करवाएं — इससे आपका नाम PMMVY की Due List में आ सकता है और सेविका खुद फॉलो-अप करती हैं।
सेविका PMMVY ऐप या पोर्टल पर आपका आवेदन भरेंगी। पहली संतान या दूसरी संतान (बेटी) का सही विकल्प ज़रूर चुनवाएं।
मौके पर ही Face Authentication होगा। इसके बाद आवेदन ब्लॉक स्तर पर CDPO (बाल विकास परियोजना पदाधिकारी) के पास मंज़ूरी के लिए जाता है; जिन राज्यों में योजना स्वास्थ्य विभाग चलाता है, वहां ब्लॉक के चिकित्सा अधिकारी मंज़ूरी देते हैं।
आवेदन दर्ज होते ही रजिस्टर्ड मोबाइल पर SMS आता है। Registration ID संभालकर रखें।
इस पूरी प्रक्रिया के लिए कोई फीस नहीं लगती।
Matru Vandana Yojana Form PDF और PMMVY Form 1A 1B 1C Download PDF: क्या अब भी ज़रूरत है?
जो लोग Matru Vandana Yojana Form PDF या मातृ वंदना योजना फॉर्म खोजते हैं, उनके लिए यह जानना ज़रूरी है कि पुराने PMMVY 1.0 में तीन किस्तों के लिए तीन फॉर्म थे — Form 1-A (पंजीकरण/पहली किस्त), Form 1-B (दूसरी किस्त) और Form 1-C (तीसरी किस्त)। 2022 की Mission Shakti guideline में भी पंजीकरण के लिए Form 1-A और दूसरी किस्त के लिए Form 1-C का ज़िक्र है, लेकिन अब मंत्रालय के अनुसार PMMVY पोर्टल पूरी तरह paperless है और आवेदन पोर्टल या ऐप पर ही भरा जाता है।
इसलिए ज़्यादातर मामलों में फॉर्म डाउनलोड करने की ज़रूरत नहीं पड़ती। अगर आपकी आंगनबाड़ी कागज़ी फॉर्म मांगे, तो वह वहां मुफ्त मिलता है। संदर्भ के लिए मंत्रालय की वेबसाइट पर रखा पुराना Form 1-A (PDF) देखा जा सकता है। किसी प्राइवेट वेबसाइट या दुकान पर फॉर्म के लिए पैसे न दें।
PMMVY Application Status Check: PM Matru Vandana Yojana Status Check Online Hindi में कैसे करें?
आवेदन के बाद PMMVY Status Check करना आसान है। Matru Vandana Yojana Status देखने के लिए ये स्टेप अपनाएं:
pmmvy.wcd.gov.in खोलें और ‘Track Your Application’ / ‘Track Application Status’ विकल्प चुनें।
रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर या Registration/Beneficiary ID जैसी मांगी गई जानकारी भरें और Captcha/OTP डालें।
स्क्रीन पर आपके आवेदन की स्थिति और भुगतान की जानकारी दिख जाएगी।
इसके अलावा पंजीकरण, रिजेक्शन और भुगतान — हर अहम चरण पर हिंदी-अंग्रेज़ी समेत 12 भाषाओं में SMS भी आता है।
प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना लिस्ट का सच: PMMVY में PM-KISAN जैसी गांव-वार सार्वजनिक लाभार्थी सूची देखने का विकल्प आम तौर पर नहीं होता। हर महिला अपना status खुद Track Application से देखती है, जबकि आंगनबाड़ी सेविका के पास अपने क्षेत्र की Due List होती है, जिससे पता चलता है कि किसका पंजीकरण बाकी है।
आम तौर पर दिखने वाली स्थिति
मतलब
आपको क्या करना है
Pending / Verification बाकी
आंगनबाड़ी या ब्लॉक स्तर पर जांच चल रही है
सेविका से पूछें कि फील्ड वेरिफिकेशन और Face Authentication पूरा हुआ या नहीं
Approved
ब्लॉक स्तर पर मंज़ूरी मिल गई
भुगतान का इंतज़ार करें और बैंक में आधार seeding की जांच कर लें
Payment Failed
खाते की आधार/NPCI seeding में दिक्कत
बैंक जाकर आधार को DBT के लिए seed करवाएं
Rejected
गलत या अधूरी जानकारी, या शर्त पूरी नहीं
कारण देखें, सुधार के लिए सेविका से मिलें या Grievance दर्ज करें
PMMVY का पैसा कब आता है?
Mission Shakti guideline के मुताबिक शर्तें पूरी होने और दावा (claim) जमा होने के बाद भुगतान preferably 30 दिन के भीतर करने का प्रावधान है, और भुगतान ‘पहले आओ, पहले पाओ’ (first-in-first-out) के आधार पर होता है। पहली किस्त गर्भावस्था पंजीकरण और ANC के बाद, दूसरी किस्त बच्चे के 14 हफ्ते तक के टीके पूरे होने के बाद, और दूसरी बेटी वाली राशि जन्म व टीकाकरण के बाद आती है। मंज़ूरी के काफी समय बाद भी पैसा न आए, तो नीचे बताए तरीके से शिकायत करें।
Matru Vandana Yojana Helpline Number और शिकायत कहां करें?
टोल-फ्री हेल्पलाइन 1515: 1 नवंबर 2025 से यही नंबर चल रहा है (पहले 14408 था)। यहां कई भाषाओं में मदद मिलती है।
PMMVY Grievance Module: pmmvy.wcd.gov.in पर शिकायत दर्ज करके उसकी live स्थिति भी ट्रैक की जा सकती है।
CPGRAMS: केंद्र सरकार के शिकायत पोर्टल pgportal.gov.in पर भी शिकायत दर्ज हो सकती है।
स्थानीय स्तर पर: आंगनबाड़ी सेविका, फिर महिला पर्यवेक्षिका, फिर प्रखंड का CDPO कार्यालय और आखिर में जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (DPO)।
Pradhan Mantri Matru Vandana Yojana Bihar: बिहार की महिलाएं ऐसे लें लाभ
बिहार में PMMVY समाज कल्याण विभाग के समेकित बाल विकास सेवाएं (ICDS) निदेशालय के ज़रिए लागू होती है। गांव स्तर पर आंगनबाड़ी सेविका और आशा दीदी आवेदन भरती हैं, महिला पर्यवेक्षिका निगरानी करती हैं, प्रखंड स्तर पर CDPO भुगतान मंज़ूर करते हैं और जिले में जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (DPO) पूरी योजना देखते हैं। यानी बिहार में किसी भी दिक्कत के लिए सबसे पहला दरवाज़ा आपका आंगनबाड़ी केंद्र और फिर प्रखंड का बाल विकास परियोजना कार्यालय है।
बिहार के लिए एक ज़रूरी सबक पुराने आंकड़ों में छिपा है। एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार 2021-22 में राज्य में 15 लाख से ज़्यादा संस्थागत प्रसव के मुकाबले करीब 3.97 लाख महिलाओं को ही PMMVY का लाभ मिला था और बड़ी संख्या में आवेदन खारिज हुए थे। इसलिए आवेदन से पहले LMP की सही तारीख, आधार-बैंक seeding और दस्तावेज़ पूरे होने की जांच ज़रूर कर लें।
बिहार में सरकारी अस्पताल में प्रसव पर जननी सुरक्षा योजना (JSY) की अलग राशि भी मिलती है (ग्रामीण क्षेत्र में लगभग ₹1,400), जो PMMVY से अलग है। बेटी के जन्म से जुड़ी राज्य सरकार की अपनी मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना की जानकारी भी अलग से ज़रूर देखें।
दूसरे राज्यों के लिए ज़रूरी नोट
राज्य
स्थिति
तेलंगाना
PMMVY लागू नहीं है; राज्य अपनी मातृत्व लाभ योजना चलाता है
ओडिशा, तमिलनाडु
PMMVY के साथ राज्य की co-branding की अनुमति है
गुजरात, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल
योजना स्वास्थ्य विभाग के ज़रिए लागू होती है
बिहार समेत बाकी राज्य/UT
महिला एवं बाल विकास या समाज कल्याण विभाग के ज़रिए लागू
मध्य प्रदेश
राज्य कैबिनेट ने 18 अगस्त 2026 को 2026-27 से 2030-31 तक PMMVY के लिए ₹2,137.65 करोड़ मंज़ूर किए
PMMVY Expert Advice: पैसा अटकने से बचाने के 9 ज़रूरी टिप्स
PMMVY में पैसा अक्सर छोटी-छोटी गलतियों की वजह से अटकता है। आवेदन से पहले इन बातों का ध्यान रखें:
सिर्फ ‘लिंक’ नहीं, NPCI seeding ज़रूरी: PMMVY का भुगतान Aadhaar Bridge Payment System से होता है, यानी पैसा उसी खाते में जाता है जो NPCI मैपर पर आपके आधार से आखिरी बार seed हुआ है। बैंक जाकर ‘DBT के लिए Aadhaar seeding’ की पुष्टि करें; UIDAI की myAadhaar वेबसाइट पर ‘Bank Seeding Status’ से भी जांच हो सकती है।
LMP की तारीख सही लिखवाएं: पोर्टल मानता है कि बच्चे का जन्म LMP के 140 से 300 दिन के बीच होगा। MCP कार्ड में LMP गलत होने पर आवेदन में गड़बड़ी आ सकती है।
दूसरी गर्भावस्था में तुरंत पंजीकरण: दूसरी संतान बेटी होने पर ₹6,000 तभी मिलेंगे जब पंजीकरण गर्भावस्था में ही हो चुका हो। जन्म के बाद यह मौका नहीं मिलता।
270 दिन की सीमा याद रखें: बच्चे के जन्म से 270 दिन के बाद आवेदन नहीं होता। कई वेबसाइटें अब भी ‘730 दिन’ वाला पुराना नियम लिखती हैं, जबकि मंत्रालय के मौजूदा FAQ में 270 दिन की सीमा दी गई है।
दो ANC करवा लें: पहली किस्त के लिए 6 महीने के भीतर कम से कम एक ANC की शर्त है, पर दूसरी बेटी वाले लाभ में कम से कम दो ANC मांगी गई हैं। पहले 6 महीने में दो जांच करवा लेने से किसी भी स्थिति में दिक्कत नहीं आती।
नाम की स्पेलिंग एक जैसी रखें: आधार, बैंक खाते और MCP कार्ड में नाम का फर्क Face Authentication और भुगतान दोनों में अड़चन बन सकता है।
किसी को पैसे न दें: सरकार खुद आंगनबाड़ी सेविका या आशा को हर सफल आवेदन पर मानदेय देती है — पहली संतान के लिए कुल ₹250 और दूसरी बेटी के लिए ₹250। फॉर्म भरवाने के नाम पर पैसे मांगे जाएं तो शिकायत करें।
असली पोर्टल ही इस्तेमाल करें: ‘PMMVY’ से मिलते-जुलते नाम वाली कई प्राइवेट वेबसाइटें चल रही हैं। आधार और बैंक की जानकारी सिर्फ सरकारी पोर्टल pmmvy.wcd.gov.in पर ही डालें।
बैंक खाता नहीं है तो: मंत्रालय और India Post Payments Bank (IPPB) के समझौते के तहत डाकिया या ग्रामीण डाक सेवक के ज़रिए घर बैठे आधार से जुड़ा खाता खुलवाया जा सकता है।
हां। मंत्रालय का आधिकारिक PMMVY पेज सितंबर 2026 में भी अपडेट हुआ है और पोषण माह 2026 में योजना के 10 साल पूरे होने पर पंजीकरण अभियान चल रहा है। मध्य प्रदेश जैसे राज्यों ने 2030-31 तक के लिए इसका बजट भी मंज़ूर किया है।
PMMVY में आवेदन की आखिरी तारीख क्या है?
कोई तय कैलेंडर तारीख नहीं है। पात्र महिला बच्चे के जन्म से 270 दिन के भीतर कभी भी आवेदन कर सकती है, लेकिन दूसरी संतान (बेटी) के लाभ के लिए पंजीकरण गर्भावस्था में ही होना ज़रूरी है।
क्या PMMVY में पति का आधार कार्ड ज़रूरी है?
नहीं। PMMVY 2.0 में पति के आधार की अनिवार्यता हटा दी गई है। लाभ सिर्फ महिला के अपने आधार नंबर के आधार पर मिलता है।
क्या प्राइवेट अस्पताल में डिलीवरी होने पर भी पैसा मिलेगा?
हां, अगर योजना की सभी शर्तें पूरी हों तो प्राइवेट अस्पताल में ANC और डिलीवरी कराने पर भी लाभ मिलता है। पहली किस्त के लिए MCP कार्ड अनिवार्य है, इसलिए आंगनबाड़ी या ANM से MCP कार्ड ज़रूर बनवाएं।
Matru Vandana Yojana Helpline Number क्या है?
PMMVY और पोषण का टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 1515 है, जो 1 नवंबर 2025 से पुराने नंबर 14408 की जगह चल रहा है। शिकायत pmmvy.wcd.gov.in के Grievance Module पर भी दर्ज की जा सकती है।
दूसरी संतान बेटा होने पर क्या PMMVY का पैसा मिलेगा?
नहीं। दूसरी संतान पर ₹6,000 सिर्फ बेटी होने पर मिलते हैं। अपवाद यह है कि दूसरी गर्भावस्था में जुड़वां या उससे ज़्यादा बच्चे हों और उनमें कम से कम एक बेटी हो, तो यह लाभ मिल सकता है।
Pradhan Mantri Matru Vandana Yojana: Important Links
अगर आप गर्भवती हैं या हाल ही में मां बनी हैं, तो इंतज़ार न करें — पोषण माह का विशेष अभियान 8 अक्टूबर 2026 तक चल रहा है, और इस दौरान आंगनबाड़ी स्तर पर पंजीकरण और अटके भुगतान निपटाने पर खास ज़ोर है। आज ही अपनी आंगनबाड़ी सेविका से मिलें या pmmvy.wcd.gov.in पर खुद रजिस्ट्रेशन करें, और बैंक खाते की आधार seeding एक बार जांच लें — एक छोटी चूक आपकी ₹5,000 या ₹6,000 की किस्त महीनों रोक सकती है। और सभी Central Sarkari Yojana अपडेट यहां देखें।
BRABU 4th Semester Exam Date 2026 का इंतजार खत्म हो गया है। बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय (BRABU), मुजफ्फरपुर ने स्नातक CBCS सत्र 2024-28 के चौथे सेमेस्टर का परीक्षा कार्यक्रम जारी कर दिया है। परीक्षाएं 5 अक्टूबर 2026 (सोमवार) से शुरू होकर 15 अक्टूबर 2026 (गुरुवार) तक दो पालियों में होंगी: पहली पाली सुबह 9 से दोपहर 12 बजे और दूसरी पाली दोपहर 1 से शाम 4 बजे तक।
पहली परीक्षा में अब गिनती के दिन बचे हैं, और इस बार रूटीन विषय-वार नहीं बल्कि Group-wise बना है, इसलिए अपनी तारीख निकालने से पहले अपना Group पहचानना जरूरी है। रूटीन में Major (MJC) के विषयों को चार ग्रुप A, B, C, D में बांटा गया है और Minor (MIC) के विषयों को अलग से चार ग्रुप में। उलझन यहीं है कि कई विषयों का ग्रुप Major और Minor में अलग है, जैसे English, Major में Group A में है लेकिन Minor में Group D में।
इस लेख में पूरा रूटीन आसान टेबल में, हर ग्रुप के विषयों की सूची, AEC और Music से जुड़े खास नियम, एडमिट कार्ड की स्थिति और एक Exam Date Finder टूल दिया गया है, जिसमें अपना Major और Minor चुनते ही आपकी पांचों परीक्षाओं की तारीख और पाली सामने आ जाएगी। स्नातक छात्रों के काम की बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना जैसी योजनाओं का जिक्र भी आगे किया गया है। नीचे हमने सारी ज़रूरी जानकारी step by step समझाई है, ताकि आपको इससे संबंधित सभी महत्वपूर्ण जानकारी एक ही जगह मिल जाये।
यह जानकारी बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय, मुजफ्फरपुर के परीक्षा नियंत्रक की 28 सितंबर 2026 को जारी अधिकारिक सूचना (मेमो संख्या C/740) पर आधारित है। पूरा नोटिस यहां देखें पर उपलब्ध है।
BRABU UG 4th Semester Exam 2026: Overview
परीक्षा का नाम
UG (CBCS) 4th Semester Examination, सत्र 2024-28
विश्वविद्यालय
बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय (BRABU), मुजफ्फरपुर
किसके द्वारा जारी
परीक्षा नियंत्रक, मेमो संख्या C/740, दिनांक 28.09.2026
राज्य
बिहार (BRABU के अंगीभूत और संबद्ध कॉलेज)
किसके लिए
चार वर्षीय स्नातक (BA, BSc, BCom) सत्र 2024-28 के चौथे सेमेस्टर के छात्र
परीक्षा की अवधि
5 अक्टूबर से 15 अक्टूबर 2026 (11 अक्टूबर, रविवार को परीक्षा नहीं)
पहली पाली
सुबह 9:00 से दोपहर 12:00 बजे
दूसरी पाली
दोपहर 1:00 से शाम 4:00 बजे
इस सेमेस्टर के लिखित पेपर
MJC-V, MJC-VI, MJC-VII, MIC-IV और AEC (कुल 5)
छात्रों के लिए मुख्य बात
किसी भी छात्र की एक दिन में एक से ज्यादा परीक्षा नहीं; AEC की तारीख Major के ग्रुप से तय
BRABU 4th Semester Exam Date Finder: Major-Minor चुनें और अपनी तारीख देखें
नीचे दिए टूल में पहले अपना Major (MJC) और फिर Minor (MIC) विषय चुनिए। टूल आपके पांचों पेपर की तारीख, दिन और पाली एक साथ दिखा देगा, बीच के खाली दिन बता देगा और पहली परीक्षा में कितने दिन बचे हैं, यह भी गिन देगा। अपना शेड्यूल WhatsApp पर भेजने और कॉपी करने का विकल्प भी इसी में है।
BRABU UG (CBCS) 4th Semester, सत्र 2024-28
अपनी परीक्षा की तारीख खोजें
अपना Major (MJC) और Minor (MIC) विषय चुनें। पांचों पेपर की तारीख, दिन और पाली एक साथ दिख जाएगी।
Major आपका मुख्य विषय है, जिसके तीन पेपर (MJC-V, VI, VII) इस सेमेस्टर में हैं। Minor दूसरा विषय है, जिसका एक पेपर (MIC-IV) है।
दोनों विषय चुनते ही आपका पूरा शेड्यूल यहां दिखेगा।
AEC की तारीख आपके Major (MJC) के ग्रुप से तय होती है, Minor से नहीं।
कदाचार, वॉकआउट या स्टे-आउट की स्थिति में दोबारा परीक्षा नहीं होगी।
Music का MJC-7 और MIC-4 सिर्फ प्रैक्टिकल है, इस रूटीन में इनकी लिखित परीक्षा नहीं है।
पूरा परीक्षा कार्यक्रम और ग्रुप की सूची देखें
तारीख
पहली पाली (सुबह 9 से 12)
दूसरी पाली (दोपहर 1 से 4)
5 अक्टूबर, सोमवार
Group A (MJC-V)
Group B (MJC-V)
6 अक्टूबर, मंगलवार
Group C (MJC-V)
Group D (MJC-V)
7 अक्टूबर, बुधवार
Group A (MJC-VI)
Group B (MJC-VI)
8 अक्टूबर, गुरुवार
Group C (MJC-VI)
Group D (MJC-VI)
9 अक्टूबर, शुक्रवार
Group A (MJC-VII)
Group B (MJC-VII)
10 अक्टूबर, शनिवार
Group C (MJC-VII)
Group D (MJC-VII)
12 अक्टूबर, सोमवार
Group A (MIC-IV)
Group B (MIC-IV)
13 अक्टूबर, मंगलवार
Group C (MIC-IV)
Group D (MIC-IV)
14 अक्टूबर, बुधवार
AEC (MJC Group A)
AEC (MJC Group B)
15 अक्टूबर, गुरुवार
AEC (MJC Group C)
AEC (MJC Group D)
Major (MJC) Group A: English, Philosophy, Political Science, Sanskrit, Sociology, Urdu, Zoology
Major (MJC) Group B: Bangla, Bhojpuri, Electronics, History, Home Science, Human Resource Management, L.S.W, Maithili, Marketing, Persian
Major (MJC) Group C: Accounting & Finance, AIH & C, Botany, Chemistry, Hindi, Mathematics
Major (MJC) Group D: Economics, Geography, Music, Physics, Psychology
Minor (MIC) Group A: Accounting & Finance, AIH & C, Bhojpuri, Botany, Maithili, Mathematics, Music, Political Science, Sanskrit
Minor (MIC) Group B: Electronics, History, L.S.W, Persian
Minor (MIC) Group C: Chemistry, Home Science, Human Resource Management, Philosophy, Psychology, Sociology, Zoology
Minor (MIC) Group D: Economics, English, Geography, Hindi, Marketing, Physics, Urdu
आधार: BRABU परीक्षा नियंत्रक का परीक्षा कार्यक्रम, दिनांक 28.09.2026। अंतिम पुष्टि अपने एडमिट कार्ड और कॉलेज के नोटिस से करें।
BRABU 4th Semester Exam Date 2026: पूरा परीक्षा कार्यक्रम (Date Sheet)
नीचे विश्वविद्यालय के नोटिस वाला पूरा BRABU परीक्षा रूटीन है। हर तारीख पर पहली पाली में एक ग्रुप और दूसरी पाली में दूसरे ग्रुप की परीक्षा रखी गई है।
तारीख
दिन
पहली पाली (सुबह 9 से 12)
दूसरी पाली (दोपहर 1 से 4)
05.10.2026
सोमवार
Group A (MJC-V)
Group B (MJC-V)
06.10.2026
मंगलवार
Group C (MJC-V)
Group D (MJC-V)
07.10.2026
बुधवार
Group A (MJC-VI)
Group B (MJC-VI)
08.10.2026
गुरुवार
Group C (MJC-VI)
Group D (MJC-VI)
09.10.2026
शुक्रवार
Group A (MJC-VII)
Group B (MJC-VII)
10.10.2026
शनिवार
Group C (MJC-VII)
Group D (MJC-VII)
12.10.2026
सोमवार
Group A (MIC-IV)
Group B (MIC-IV)
13.10.2026
मंगलवार
Group C (MIC-IV)
Group D (MIC-IV)
14.10.2026
बुधवार
AEC (MJC Group A)
AEC (MJC Group B)
15.10.2026
गुरुवार
AEC (MJC Group C)
AEC (MJC Group D)
11 अक्टूबर (रविवार) को कोई परीक्षा नहीं है। टेबल को ऐसे समझिए: 5 से 10 अक्टूबर तक लिखे ग्रुप Major (MJC) वाले हैं, 12 और 13 अक्टूबर के ग्रुप Minor (MIC) वाले, और 14-15 अक्टूबर को AEC की परीक्षा फिर से Major वाले ग्रुप के हिसाब से होगी। जिन छात्रों को यह रूटीन Bihar University UG 4th Semester Routine के नाम से WhatsApp पर मिला है, वे इसे आधिकारिक नोटिस से एक बार जरूर मिला लें।
BRABU UG 4th Semester Exam Routine 2026 कैसे पढ़ें? पहले अपना Group पहचानें
यह रूटीन चार वर्षीय स्नातक के CBCS ढांचे पर बना है, जिसमें हर छात्र का एक Major और एक Minor विषय होता है। अपनी तारीख जानने के लिए पहले यह देखिए कि आपका Major किस MJC ग्रुप में है और Minor किस MIC ग्रुप में। बस यही दो बातें पता हों, तो पूरा शेड्यूल अपने-आप साफ हो जाता है।
MJC, MIC और AEC का मतलब क्या है?
MJC (Major Course): आपका मुख्य विषय। इस सेमेस्टर में इसके तीन पेपर हैं: MJC-V, MJC-VI और MJC-VII।
MIC (Minor Course): आपका दूसरा विषय। इस सेमेस्टर में इसका एक पेपर है: MIC-IV।
AEC (Ability Enhancement Course): सभी छात्रों का एक अनिवार्य पेपर, जिसकी तारीख आपके Major (MJC) के ग्रुप से तय होती है।
BRABU 4th Semester Routine 2026: Major (MJC) के Group और तारीखें
MJC Group
विषय
MJC-V, VI, VII की तारीख
AEC
Group A
English, Philosophy, Political Science, Sanskrit, Sociology, Urdu, Zoology
5, 7 और 9 अक्टूबर, तीनों पहली पाली
14 अक्टूबर, पहली पाली
Group B
Bangla, Bhojpuri, Electronics, History, Home Science, Human Resource Management, L.S.W, Maithili, Marketing, Persian
सबसे आम गलती यहीं होती है। कई विषयों का ग्रुप Major और Minor में अलग है: English Major में Group A में है पर Minor में Group D में, Philosophy और Sociology Major में Group A में हैं पर Minor में Group C में, और Hindi Major में Group C में है पर Minor में Group D में। इसलिए Minor की तारीख देखते समय Major वाली सूची मत देखिए। Bangla सिर्फ Major की सूची में है, Minor की सूची में नहीं। नोटिस में लिखे छोटे नामों का मतलब भी जान लें: AIH & C यानी Ancient Indian History & Culture (प्राचीन भारतीय इतिहास एवं संस्कृति) और L.S.W यानी Labour & Social Welfare (श्रम एवं समाज कल्याण)।
उदाहरण से समझें: BRABU UG 4th Semester Time Table 2024-28 में आपका शेड्यूल
नीचे चार अलग-अलग विषय-संयोजन वाले छात्रों का पूरा शेड्यूल दिया गया है। अपना कॉम्बिनेशन इनमें से किसी से मिलता हो, तो सीधे देख लीजिए; वरना ऊपर का टूल इस्तेमाल कीजिए।
इन उदाहरणों से एक बात साफ दिखती है: किसी भी छात्र की एक दिन में दो परीक्षाएं नहीं हैं, और Major के तीनों पेपर एक-एक दिन छोड़कर रखे गए हैं।
BRABU 4th Semester Exam Time: पहली और दूसरी पाली का समय
पाली (Sitting)
समय
किसकी परीक्षा
पहली पाली (1st Sitting)
सुबह 9:00 से दोपहर 12:00 बजे
MJC में Group A और C, MIC में Group A और C, AEC में MJC Group A और C
दूसरी पाली (2nd Sitting)
दोपहर 1:00 से शाम 4:00 बजे
MJC में Group B और D, MIC में Group B और D, AEC में MJC Group B और D
दोनों पालियां तीन-तीन घंटे की हैं और बीच में एक घंटे का अंतर है। नोटिस में रिपोर्टिंग टाइम अलग से नहीं लिखा गया है, इसलिए एडमिट कार्ड पर दिए निर्देश ही मानें। सुरक्षित रहने के लिए केंद्र पर कम से कम 30 मिनट पहले पहुंचें, खासकर पहली पाली वाले छात्र, जिन्हें सुबह 8:30 तक केंद्र पर होना चाहिए।
Music के छात्रों के लिए खास नियम: MJC-7 और MIC-4 सिर्फ Practical
परीक्षा कार्यक्रम के नीचे अलग से लिखा गया है कि Music का MJC-7 और MIC-4 सिर्फ प्रैक्टिकल होगा। इसका सीधा मतलब यह है:
Music Major (MJC Group D) वाले: MJC-V (6 अक्टूबर) और MJC-VI (8 अक्टूबर) की लिखित परीक्षा दूसरी पाली में देनी है, लेकिन 10 अक्टूबर की दूसरी पाली में MJC-VII की लिखित परीक्षा नहीं होगी। AEC 15 अक्टूबर की दूसरी पाली में है।
Music Minor (MIC Group A) वाले: 12 अक्टूबर की पहली पाली में MIC-IV की लिखित परीक्षा नहीं होगी, इसका सिर्फ प्रैक्टिकल होगा।
प्रैक्टिकल की तारीख: यह इस रूटीन में नहीं दी गई है, इसलिए अपने कॉलेज या संगीत विभाग से लिखित सूचना लें।
BRABU 4th Semester Admit Card 2026 कब और कहां से मिलेगा?
30 सितंबर 2026 तक BRABU ने सत्र 2024-28 के चौथे सेमेस्टर का एडमिट कार्ड जारी नहीं किया है। इस सेमेस्टर के परीक्षा फॉर्म 8 से 16 सितंबर 2026 तक भरे गए थे और कॉलेजों को UMIS पोर्टल पर फॉर्म अपडेट करने व परीक्षा शुल्क जमा करने के लिए 18 सितंबर तक का समय मिला था (पत्रांक C/663, दिनांक 5 सितंबर 2026)। जिनका फॉर्म और शुल्क इस प्रक्रिया में सही तरीके से जमा हुआ है, एडमिट कार्ड उन्हीं का बनेगा।
पिछले सेमेस्टरों में BRABU ने UG एडमिट कार्ड brabu.net पर “Get AdmitCard” लिंक से यूनिवर्सिटी रोल नंबर डालकर डाउनलोड करने की सुविधा दी थी। परीक्षा 5 अक्टूबर से है, इसलिए BRABU Admit Card 2026 इससे कुछ दिन पहले आने की उम्मीद है; अपने कॉलेज के नोटिस बोर्ड पर भी नजर रखें। एडमिट कार्ड मिलते ही ये चीजें जांचें:
आपका नाम, पिता का नाम, फोटो और हस्ताक्षर सही हैं या नहीं
यूनिवर्सिटी रोल नंबर और रजिस्ट्रेशन नंबर
Major (MJC) और Minor (MIC) विषय, क्योंकि इन्हीं से आपका ग्रुप और तारीख तय होती है; विषय गलत छपा हो तो तुरंत कॉलेज के परीक्षा विभाग से ठीक कराएं
परीक्षा केंद्र का नाम और पता, ताकि एक दिन पहले रास्ता देख सकें
परीक्षा के दिन के नियम: एक गलती और दोबारा मौका नहीं
परीक्षा नियंत्रक के नोटिस में साफ लिखा है कि कदाचार (Unfair Means), वॉकआउट या स्टे-आउट की स्थिति में दोबारा परीक्षा नहीं कराई जाएगी। यानी नकल करते पकड़े जाने, किसी विरोध या अफवाह में आकर परीक्षा हॉल छोड़कर निकल जाने (वॉकआउट), या परीक्षा का बहिष्कार करके बाहर ही रह जाने (स्टे-आउट) पर उस पेपर के लिए दूसरा मौका नहीं मिलेगा। बाकी सावधानियां भी ध्यान में रखें:
एडमिट कार्ड के साथ कॉलेज का पहचान पत्र या कोई फोटो पहचान पत्र साथ रखें।
मोबाइल और कोई भी इलेक्ट्रॉनिक उपकरण परीक्षा हॉल में न ले जाएं।
प्रश्न पत्र पर पेपर का नाम (जैसे MJC-VI) और अपना विषय मिलाकर ही लिखना शुरू करें।
उत्तर पुस्तिका पर रोल नंबर और बाकी विवरण सावधानी से भरें।
BRABU 4th Semester Exam Expert Advice: खाली दिनों को ऐसे इस्तेमाल करें
इस रूटीन की बनावट में एक छुपा फायदा है, जिसे ज्यादातर छात्र नोटिस नहीं करेंगे। Major के पेपर एक-एक दिन छोड़कर रखे गए हैं: Group A और B की Major परीक्षाएं 5, 7 और 9 अक्टूबर को हैं, जबकि Group C और D की 6, 8 और 10 अक्टूबर को। यानी हर Major पेपर से पहले आपके पास तैयारी के लिए कम से कम एक पूरा दिन है, और MIC-IV से पहले 11 अक्टूबर (रविवार) भी खाली है। सिर्फ एक स्थिति में दो पेपर लगातार पड़ते हैं: जिनका Major, Group A या B में है और Minor, Group C या D में, उनके MIC-IV (13 अक्टूबर) और AEC (14 अक्टूबर) लगातार दो दिन हैं। ऐसे छात्र AEC की तैयारी 11 अक्टूबर के रविवार को ही पूरी कर लें।
दूसरी सबसे आम गलती AEC को लेकर होगी। AEC की तारीख Minor से नहीं, बल्कि Major के ग्रुप से तय है। उदाहरण के लिए, Chemistry Major (Group C) वाले छात्र का AEC 15 अक्टूबर की पहली पाली में है, भले ही उसका Minor किसी भी ग्रुप का हो। इसी तरह Political Science Minor वाले छात्र को यह नहीं मानना चाहिए कि उसका AEC भी Group A वाले दिन होगा।
त्योहार का गणित भी देख लीजिए। परीक्षा 15 अक्टूबर को खत्म होगी, जबकि शारदीय नवरात्रि 11 अक्टूबर से शुरू हो रही है, 19 अक्टूबर को दुर्गाष्टमी और 20 अक्टूबर को दशहरा है। यानी दुर्गा पूजा के मुख्य दिनों से पहले परीक्षा पूरी हो जाएगी। घर जाने वाले छात्र ट्रेन या बस का टिकट 15 अक्टूबर के बाद का ही लें, और नवरात्रि शुरू होने के बाद के दिनों में शहर की भीड़ को देखते हुए केंद्र के लिए थोड़ा पहले निकलें।
रिजल्ट और अगले सेमेस्टर पर भी नजर रखें। विश्वविद्यालय के प्रस्तावित परीक्षा कैलेंडर में सत्र 2024-28 के चौथे सेमेस्टर की परीक्षा सितंबर और परिणाम नवंबर 2026 में रखा गया था, जबकि पांचवें सेमेस्टर की परीक्षा नवंबर 2026 में प्रस्तावित थी। चौथे सेमेस्टर की परीक्षा अक्टूबर तक खिसकने से आगे का पूरा कार्यक्रम भी कुछ आगे-पीछे हो सकता है, इसलिए परीक्षा खत्म होते ही पांचवें सेमेस्टर की कक्षाओं और सूचनाओं पर ध्यान देना शुरू कर दें।
ऊपर के टूल या टेबल से अपना Major और Minor ग्रुप आज ही पक्का कर लें और तारीखें कॉपी या मोबाइल में लिख लें।
एडमिट कार्ड जारी होते ही डाउनलोड करके उसके दो प्रिंट निकाल लें।
पहली पाली वाले दिनों में सुबह जल्दी निकलने की योजना एक दिन पहले ही बना लें।
Music के छात्र प्रैक्टिकल की तारीख अपने विभाग से लिखित में पता करें।
15 अक्टूबर से पहले घर जाने या यात्रा की कोई योजना न बनाएं।
पढ़ाई के साथ काम आने वाली सरकारी योजनाओं की तैयारी भी अभी से कर लें। छात्रवृत्ति और मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना (स्नातक) जैसी योजनाओं में बिहार का निवास प्रमाण पत्र काम आता है; अगर अभी तक नहीं बना है, तो बिहार निवास प्रमाण पत्र ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया देख लें। स्नातक पूरा होने के बाद 20 से 25 वर्ष के बेरोजगार युवाओं के लिए स्वयं सहायता भत्ता भी एक सहारा है। बिहार सरकार की बाकी योजनाओं के लिए और सभी Bihar Sarkari Yojana अपडेट यहां देखें।
BRABU UG सत्र 2024-28 के चौथे सेमेस्टर की परीक्षा 5 अक्टूबर 2026 से 15 अक्टूबर 2026 तक होगी। परीक्षा दो पालियों में है: सुबह 9 से दोपहर 12 बजे और दोपहर 1 से शाम 4 बजे। 11 अक्टूबर (रविवार) को कोई परीक्षा नहीं है।
BRABU 4th semester admit card kab aayega?
30 सितंबर 2026 तक एडमिट कार्ड जारी नहीं हुआ है। परीक्षा 5 अक्टूबर से है, इसलिए इसके कुछ दिन पहले जारी होने की उम्मीद है। पिछले सेमेस्टरों में एडमिट कार्ड brabu.net पर यूनिवर्सिटी रोल नंबर से डाउनलोड होता रहा है; अपने कॉलेज के नोटिस पर भी नजर रखें।
AEC की परीक्षा किस ग्रुप के हिसाब से होगी?
AEC की परीक्षा आपके Major (MJC) के ग्रुप के हिसाब से होगी, Minor से इसका कोई संबंध नहीं है। MJC Group A वालों का AEC 14 अक्टूबर की पहली पाली, Group B का 14 अक्टूबर की दूसरी पाली, Group C का 15 अक्टूबर की पहली पाली और Group D का 15 अक्टूबर की दूसरी पाली में है।
क्या किसी छात्र की एक दिन में दो परीक्षाएं होंगी?
नहीं। रूटीन इस तरह बना है कि हर छात्र की एक दिन में सिर्फ एक परीक्षा है। पहली और दूसरी पाली में अलग-अलग ग्रुप की परीक्षा होती है, और आपका Major एक ही ग्रुप में होता है।
Music वाले छात्रों का MJC-7 और MIC-4 कब होगा?
नोटिस के अनुसार Music का MJC-7 और MIC-4 सिर्फ प्रैक्टिकल है, इनकी लिखित परीक्षा नहीं होगी। Music Major के छात्रों को MJC-V (6 अक्टूबर) और MJC-VI (8 अक्टूबर) की लिखित परीक्षा दूसरी पाली में देनी है। प्रैक्टिकल की तारीख अपने कॉलेज या संगीत विभाग से पता करें।
BRABU 4th semester result kab aayega?
रिजल्ट की तारीख अभी घोषित नहीं हुई है। विश्वविद्यालय के प्रस्तावित कैलेंडर में इस सेमेस्टर का परिणाम नवंबर 2026 में रखा गया था, लेकिन परीक्षा अक्टूबर में होने से इसमें कुछ देरी संभव है।
परीक्षा 5 अक्टूबर की सुबह 9 बजे से शुरू हो रही है, यानी तैयारी के लिए अब सिर्फ कुछ दिन बचे हैं। आज ही ऊपर के टूल में अपना Major और Minor चुनकर पांचों तारीखें नोट कर लीजिए, एडमिट कार्ड जारी होते ही उसमें अपने विषय और केंद्र की जांच कीजिए, और याद रखिए कि वॉकआउट या स्टे-आउट की स्थिति में दोबारा परीक्षा नहीं होगी। एक गलत तारीख या छूटा हुआ पेपर पूरे सेमेस्टर पर भारी पड़ सकता है, इसलिए यह शेड्यूल अपने दोस्तों के साथ भी जरूर शेयर करें।
अंतिम और सटीक जानकारी के लिए कृपया brabu.ac.in देखें।
Reviewed by Editorial Team, Bihar Yojana Desk, schemenews.com
Bihar Fasal Sahayata Yojana Kharif 2026: बिहार के जिन किसान भाई-बहनों की खरीफ फसल प्राकृतिक आपदा की वजह से खराब हो गई है, उनके लिए एक बड़ी राहत भरी खबर है। सहकारिता विभाग, बिहार सरकार ने Bihar Fasal Sahayata Yojana 2026 (आधिकारिक नाम: Bihar Rajya Fasal Sahayata Yojana 2026-27) के तहत ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी है, जिसमें आवेदन करके किसान अपनी क्षतिग्रस्त फसल की भरपाई के लिए सीधा अनुदान पा सकते हैं।
इस आर्टिकल में हमने हर छोटी-बड़ी बात कवर की है, ताकि आप बिना कोई confusion के apply कर सकें — पात्रता, ज़रूरी दस्तावेज़, कितना अनुदान मिलेगा, और पूरा ऑनलाइन प्रोसेस स्टेप-बाय-स्टेप।
यह जानकारी सहकारिता विभाग, बिहार सरकार की आधिकारिक अधिसूचना पर आधारित है। पूरा नोटिस यहां देखें पर उपलब्ध है।
Bihar Fasal Sahayata Yojana (राज्य फसल सहायता योजना)
किस विभाग द्वारा
सहकारिता विभाग, बिहार सरकार
राज्य/Central
बिहार राज्य (राज्य-वित्त पोषित योजना)
सत्र
Kharif 2026-27
किसके लिए (Beneficiaries)
बिहार के रैयत व गैर-रैयत किसान, जिनकी खरीफ फसल आपदा से क्षतिग्रस्त हुई हो
मुख्य लाभ (Benefit)
₹7,500 से ₹10,000 प्रति हेक्टेयर (अधिकतम 2 हेक्टेयर तक)
आवेदन मोड
ऑनलाइन (esahkari पोर्टल / e-Sahkari ऐप)
आवेदन की अंतिम तारीख
31 अक्टूबर 2026
Official Website
esahkari.bihar.gov.in
Bihar Fasal Sahayata Yojana क्या है?
Bihar Fasal Sahayata Yojana बिहार सरकार की एक राज्य-वित्त पोषित योजना है, जो किसानों को प्राकृतिक आपदा (बाढ़, सूखा, ओलावृष्टि, असमय बारिश) से हुए फसल नुकसान की भरपाई के लिए सीधा अनुदान देती है। पंचायत स्तर पर अगहनी धान और भदई मकई, और जिला स्तर पर सोयाबीन, मखाना, आलू, बैंगन, टमाटर व गोभी जैसी खरीफ फसलों को इस बार शामिल किया गया है।
Bihar Fasal Sahayata Yojana bima है या सहायता? – एक ज़रूरी स्पष्टीकरण
बहुत से किसान इसे Bihar Fasal Bima Yojana Online Apply 2026 के नाम से भी खोजते हैं, लेकिन तकनीकी रूप से यह बीमा (insurance) नहीं है। इस योजना में किसानों को कोई प्रीमियम नहीं देना पड़ता — यह केंद्र सरकार की Pradhan Mantri Fasal Bima Yojana (PMFBY) के एक राज्य-स्तरीय, प्रीमियम-मुक्त विकल्प के तौर पर 2018 में शुरू की गई थी। तो अगर आप “fasal bima” खोजकर यहां पहुंचे हैं, चिंता ना करें — यही वो योजना है, बस इसमें आपको कोई किश्त नहीं भरनी। Bihar Fasal Bima Yojana Eligibility भी बिल्कुल वही है जो नीचे Eligibility सेक्शन में बताई गई है — अलग से कोई शर्त नहीं है।
Kharif Fasal Bihar 2026 Online Apply Date
Events
Dates
ऑनलाइन आवेदन शुरू
पहले से शुरू (Already Started)
आवेदन की अंतिम तारीख
31 अक्टूबर 2026
Bihar Fasal Sahayata Yojana में फसल क्षति पर कितना पैसा मिलता है?
क्षतिपूर्ति राशि फसल-नुकसान के प्रतिशत पर निर्भर करती है:
फसल क्षति 20% तक होने पर
प्रति हेक्टेयर ₹7,500 का अनुदान दिया जाएगा।
फसल क्षति 20% से अधिक होने पर
प्रति हेक्टेयर ₹10,000 का अनुदान दिया जाएगा।
विशेष नियम
एक किसान अधिकतम 2 हेक्टेयर तक की ही सहायता राशि ले सकता है।
राशि सीधे DBT (Direct Benefit Transfer) के ज़रिए, आधार से जुड़े बैंक खाते में भेजी जाती है — कोई चेक या नकद भुगतान नहीं होता।
पंचायत स्तर और जिला स्तर पर किन फसलों का चयन किया गया है?
पंचायत स्तर पर
अगहनी धान और भदई मकई शामिल हैं।
जिला स्तर पर
सोयाबीन, मखाना, आलू, बैंगन, टमाटर और गोभी शामिल हैं।
Bihar Fasal Sahayata Yojana Kharif 2026 के लिए Eligibility क्या है?
कौन आवेदन कर सकता है?
रैयत किसान (जिनकी अपनी जमीन है)
गैर-रैयत किसान (बटाईदार/किरायेदार)
रैयत और गैर-रैयत दोनों श्रेणियों वाले किसान
Raiyat Aur Gair Raiyat Kisan Kya Hota Hai?
रैयत किसान वो है जिसके नाम पर ज़मीन का मालिकाना हक़ है। गैर-रैयत (बटाईदार) किसान वो है जो किसी और की ज़मीन पर खेती करता है, चाहे ज़मीन उसके नाम ना हो। इस योजना में दोनों तरह के किसान पात्र हैं — गैर-रैयत किसानों को सिर्फ़ अपनी बटाईदारी/किरायेदारी का self-declaration या agreement देना होता है।
अन्य पात्रता शर्तें
आवेदक बिहार राज्य का मूल निवासी होना चाहिए
आवेदक ने अपना किसान पंजीकरण (Farmer Registration) करवाया हो
फसल का नुकसान प्राकृतिक आपदा से हुआ हो
Bihar Fasal Sahayata Yojana Documents – किन दस्तावेज़ों की ज़रूरत पड़ेगी?
आधार कार्ड
पैन कार्ड (वैकल्पिक)
बैंक पासबुक (आधार से लिंक्ड)
फसल की बुआई क्षेत्र की जानकारी और स्व-घोषणा
ज़मीन स्वामित्व प्रमाण (जमाबंदी, खसरा-खतियान या किरायानामा)
किसान पंजीकरण प्रमाण पत्र (DBT पोर्टल से)
फसल नुकसान प्रमाण (ग्राम पंचायत/कृषि सलाहकार/ब्लॉक अधिकारी द्वारा हस्ताक्षरित स्व-घोषणा)
बिहार फसल सहायता योजना खरीफ 2026 ऑनलाइन अप्लाई करने के लिए यह स्टेप्स फॉलो करें:
सबसे पहले esahkari.bihar.gov.in की official website पर जाएं
“किसान कार्नर (बिहार राज्य फसल सहायता)” टैब पर जाएं
“बिहार राज्य फसल सहायता योजना हेतु आवेदन (खरीफ 2026-27)” विकल्प पर क्लिक करें
अपना किसान पंजीकरण संख्या दर्ज करके “Search” पर क्लिक करें
अपनी किसान पंजीकरण जानकारी चेक करके “Proceed” पर क्लिक करें
खुले हुए Online Application Form को ध्यान से भरें
मांगे गए सभी दस्तावेज़ स्कैन करके अपलोड करें
“Submit” पर क्लिक करके अपनी ऑनलाइन एप्लीकेशन स्लिप डाउनलोड कर लें
ऑनलाइन आवेदन के अलावा किसान चाहें तो “e-Sahkari” मोबाइल ऐप से भी आवेदन कर सकते हैं, जो उन किसानों के लिए सुविधाजनक है जिनके पास कंप्यूटर की सुविधा नहीं है।
आवेदन जमा होने के बाद फसल-नुकसान का आकलन सरकारी अधिकारियों द्वारा Crop Cutting Experiment (CCE) के ज़रिए किया जाता है, जो एक पारदर्शी, सरकारी-निगरानी वाली प्रक्रिया है। आमतौर पर सर्वे पूरा होने के 30 से 60 दिनों के भीतर अनुदान राशि DBT Agriculture Bihar सिस्टम के माध्यम से सीधे किसान के बैंक खाते में भेज दी जाती है। Kharif Fasal Anudan Bihar 2026-27 के तहत यही तरीका इस बार भी अपनाया जा रहा है।
आवेदन से पहले ध्यान रखें
आवेदन से पहले अपना किसान पंजीकरण (Farmer Registration) ज़रूर पूरा कर लें — बिना इसके फॉर्म आगे नहीं बढ़ेगा। कई किसानों का आवेदन सिर्फ़ इसी वजह से अटक जाता है।
बैंक खाता आधार से लिंक ज़रूर करा लें, वरना DBT से पैसा नहीं आएगा।
पिछले सीजन में देखा गया है कि last date के आख़िरी 2-3 दिनों में सरकारी वेबसाइट पर भारी traffic की वजह से सर्वर धीमा पड़ जाता है — बेहतर होगा कि आप 31 अक्टूबर का इंतज़ार किए बिना जल्द से जल्द आवेदन कर दें।
सभी दस्तावेज़ों की स्पष्ट स्कैन कॉपी पहले से तैयार रखें, ताकि फॉर्म भरते वक़्त बीच में रुकना ना पड़े।
Bihar Fasal Sahayata Yojana Last Date 2026 और Online Apply Kaise Kare?
Bihar Fasal Sahayata Yojana Status Check 2026 कैसे करें?
Bihar Fasal Sahayata Portal यानी esahkari.bihar.gov.in 2026 पर जाकर अपने किसान पंजीकरण नंबर से लॉगिन करके आवेदन का स्टेटस चेक किया जा सकता है।
Bihar Me Fasal Chhati Ka Form Kaise Bhare 2026?
Bihar Kisan Registration Online प्रक्रिया पहले पूरी करनी होती है, उसके बाद esahkari पोर्टल पर लॉगिन करके फसल-क्षति का फॉर्म भरा जा सकता है। पूरी प्रक्रिया ऊपर “Online Apply Kaise Kare” सेक्शन में विस्तार से बताई गई है।
इस योजना में किसानों को कोई प्रीमियम नहीं देना होता। यह पूरी तरह प्रीमियम-मुक्त, राज्य-वित्त पोषित योजना है, इसलिए इसे “बीमा” कहना तकनीकी रूप से सही नहीं है, हालांकि लोग इसे “fasal bima” के नाम से भी खोजते हैं।
बिहार फसल सहायता योजना खरीफ 2026 के तहत पंचायत स्तर और जिला स्तर पर किन फसलों का चयन किया गया है?
पंचायत स्तर पर अगहनी धान और भदई मकई का चयन किया गया है, वहीं जिला स्तर पर सोयाबीन, मखाना, आलू, बैंगन, टमाटर और गोभी का चयन किया गया है।
Bihar Fasal Sahayata Yojana Kharif Online Apply करने की last date क्या है?
बिहार फसल सहायता योजना खरीफ 2026 के लिए ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तारीख 31 अक्टूबर 2026 है।
क्या गैर-रैयत (बटाईदार) किसान भी आवेदन कर सकते हैं?
हां, गैर-रैयत किसान भी इस योजना के लिए पूरी तरह पात्र हैं। उन्हें अपनी बटाईदारी/किरायेदारी के सबूत के तौर पर self-declaration या agreement देना होता है।
Bihar Fasal Sahayata Yojana का पैसा कैसे मिलता है?
अनुदान राशि सीधे Direct Benefit Transfer (DBT) के ज़रिए किसान के आधार-लिंक्ड बैंक खाते में भेजी जाती है। कोई चेक या नकद भुगतान नहीं होता।
बिहार फसल सहायता योजना status कैसे चेक करें?
आवेदन के बाद स्टेटस esahkari.bihar.gov.in पोर्टल पर अपने किसान पंजीकरण नंबर से लॉगिन करके देखा जा सकता है।
अगर आपकी खरीफ फसल इस सीज़न प्राकृतिक आपदा से प्रभावित हुई है, तो देर ना करें — 31 अक्टूबर 2026 से पहले आवेदन कर दें, क्योंकि last date के बाद किसी भी आवेदन पर विचार नहीं किया जाएगा।
अंतिम और सटीक जानकारी के लिए कृपया esahkari.bihar.gov.in देखें।
1980s AI Photo Trend 2026: इंटरनेट पर इन दिनों एक नया AI ट्रेंड छाया हुआ है, और यह सीधे 1980 के दशक में ले जा रहा है। फेसबुक, Instagram और X पर लोग अपनी आम तस्वीरों को ChatGPT और Gemini जैसे AI टूल्स की मदद से असली-सी दिखने वाली 1980s रेट्रो पोर्ट्रेट में बदल रहे हैं — पुराने फिल्म-कैमरे जैसा टेक्सचर, उस दौर के कपड़े और हेयरस्टाइल, बिल्कुल वैसा जैसा पुराने फैमिली एल्बम में मिलता है।
इस आर्टिकल में हमने 6 अलग-अलग स्टाइल के रेडी-टू-यूज़ प्रॉम्प्ट तैयार किए हैं, जिन्हें आप एक क्लिक में कॉपी करके सीधे ChatGPT या Gemini में इस्तेमाल कर सकते हैं। नीचे step-by-step तरीका भी बताया गया है, ताकि पहली बार में ही अच्छा रिज़ल्ट मिले।
यह जानकारी हाल ही में वायरल हुए इस ट्रेंड को कवर कर रही मुख्यधारा की मीडिया रिपोर्ट्स और खुद टेस्ट किए गए प्रॉम्प्ट-पैटर्न पर आधारित है।
1980s AI Photo Trend क्या है?
यह एक फोटो-एडिटिंग ट्रेंड है जिसमें आप अपनी असली फोटो किसी AI इमेज-टूल (जैसे ChatGPT, Gemini) में अपलोड करते हैं, साथ में एक टेक्स्ट प्रॉम्प्ट देते हैं जो AI को बताता है कि आपकी फोटो को 1980 के दशक की किस सेटिंग (घर, शादी, कॉलेज, बाज़ार वगैरह) में बदलना है। सही प्रॉम्प्ट से आपका चेहरा और पहचान वैसी ही रहती है, बस कपड़े, बैकग्राउंड और फोटो की पूरी look उस दौर जैसी बन जाती है।
यह ट्रेंड इससे पहले आए Ghibli-style और Barbie-box AI ट्रेंड्स की अगली कड़ी है — फ़र्क़ सिर्फ़ इतना है कि इस बार लोग cartoon नहीं, बल्कि खुद के पुराने ज़माने के realistic version देखना चाहते हैं।
1980s AI Photo Trend के लिए Prompt कैसे इस्तेमाल करें?
अपनी एक साफ़, अच्छी lighting वाली फोटो चुनें (चेहरा सीधा दिख रहा हो, तो रिज़ल्ट बेहतर आता है)
ChatGPT या Gemini खोलें, अपनी फोटो अपलोड करें
नीचे दिए गए किसी भी प्रॉम्प्ट पर “Copy” बटन दबाकर उसे कॉपी करें
कॉपी किया हुआ प्रॉम्प्ट फोटो के साथ भेज दें
पसंद ना आए तो “थोड़ा और vintage बनाओ” या “background थोड़ा अलग करो” जैसे follow-up भेजकर रिज़ल्ट सुधारें
Best 1980s AI Photo Prompts
1. Family Album Portrait
Turn this photo into a realistic 1980s Indian family album portrait. Keep my face, facial features and identity exactly the same. Add period-correct clothing, a simple home interior background, soft indoor lighting, slightly faded colours and natural film-grain texture. Avoid any modern phones, LED lights, modern furniture or contemporary clothing.
2. Wedding Portrait
Transform this photo into an authentic 1980s Indian wedding portrait. Keep my facial features and identity recognisable and unchanged. Add traditional wedding attire and jewellery from that era, warm indoor studio lighting, a classic wedding backdrop and a soft vintage film texture. Avoid modern decorations, modern hairstyles or digital photography effects.
3. College Days Look
Reimagine this photo as an Indian college student from the 1980s. Keep my face and identity clearly recognisable. Add a period-correct hairstyle and outfit, a simple outdoor college campus background, natural daylight and a slightly grainy analogue photo finish. Avoid smartphones, modern signage, modern vehicles or contemporary clothing.
4. Street Style / बाज़ार Look
Turn this photo into a candid 1980s Indian street photograph. Keep my face, skin tone and natural appearance exactly the same. Add authentic 1980s clothing, a busy Indian market or street background from that era, natural daylight and muted, slightly faded colours. Avoid modern shops, LED boards, smartphones or present-day vehicles.
5. Studio Camera Portrait
Transform this photo into a formal 1980s Indian studio portrait, the kind taken at a neighbourhood photo studio of that era. Keep my facial features and identity unchanged. Add a plain studio backdrop, soft directional studio lighting, a period-appropriate outfit and a slightly soft, analogue photo texture. Avoid digital sharpness, modern props or contemporary clothing.
6. Cinema Hall Look
Reimagine this photo as a scene outside a classic 1980s Indian single-screen cinema hall. Keep my face and identity clearly recognisable. Add period-correct clothing, a hand-painted movie poster or cinema signage in the background, warm evening lighting and a subtle vintage film grain. Avoid multiplexes, digital screens, smartphones or modern advertising.
अच्छा Result पाने के लिए ज़रूरी Tips
सिर्फ प्रॉम्प्ट कॉपी कर देना काफी नहीं है — कुछ छोटी बातें ध्यान रखने से रिज़ल्ट काफी बेहतर आता है।
फोटो का चुनाव: सीधा चेहरा, अच्छी रोशनी वाली फोटो चुनें। साइड-पोज़ या धुंधली फोटो पर रिज़ल्ट कमज़ोर आता है।
“Avoid” वाला हिस्सा ना हटाएं: ऊपर हर प्रॉम्प्ट में जो “avoid modern…” वाली लाइन है, वही असली फ़र्क़ डालती है — इसे हटाने पर AI अक्सर मॉडर्न एलिमेंट्स (जैसे smartphone, LED) फोटो में शामिल कर देता है, जिससे लुक असली नहीं लगता।
एक बार में परफेक्ट ना आए तो घबराएं नहीं: “background और dark करो” या “colours थोड़े और faded करो” जैसे follow-up मैसेज भेजकर रिज़ल्ट को अपने हिसाब से सुधारा जा सकता है।
ध्यान रखने वाली बात
यह ट्रेंड सिर्फ अपनी या अपनी सहमति से किसी और की फोटो पर ही आज़माएं। किसी और की फोटो बिना पूछे इस्तेमाल करने से बचें।
1980s AI Photo Trend – Frequently Asked Questions (FAQ)
1980s AI Photo Trend के लिए कौन सा ऐप या टूल इस्तेमाल करें?
ChatGPT और Google Gemini दोनों पर यह ट्रेंड अच्छे से काम करता है। बस अपनी फोटो अपलोड करें और ऊपर दिए गए प्रॉम्प्ट में से कोई एक साथ भेज दें।
क्या यह ट्रेंड इस्तेमाल करना फ्री है?
ChatGPT और Gemini दोनों के फ्री वर्ज़न में सीमित संख्या में इमेज जनरेट की जा सकती हैं। ज़्यादा इस्तेमाल के लिए पेड प्लान की ज़रूरत पड़ सकती है।
फोटो अपलोड करना कितना सुरक्षित है?
बड़े AI टूल्स (ChatGPT, Gemini) पर फोटो अपलोड करना आमतौर पर सुरक्षित माना जाता है, लेकिन किसी भी टूल पर पर्सनल फोटो डालने से पहले उसकी प्राइवेसी पॉलिसी एक बार ज़रूर देख लें।
प्रॉम्प्ट काम नहीं कर रहा तो क्या करें?
प्रॉम्प्ट को हूबहू वैसे ही रखें जैसे दिया गया है, खासकर “avoid modern…” वाला हिस्सा। अगर फिर भी रिज़ल्ट सही ना आए, तो एक अलग, साफ़ रोशनी वाली फोटो लगाकर दोबारा कोशिश करें।
क्या इन प्रॉम्प्ट को महिला और पुरुष दोनों इस्तेमाल कर सकते हैं?
हां, ऊपर दिए गए सभी 6 प्रॉम्प्ट महिला और पुरुष दोनों की फोटो पर समान रूप से काम करते हैं, क्योंकि इनमें कपड़ों या लुक की जगह सिर्फ सेटिंग और स्टाइल तय की गई है।
1980s AI Photo Trend अभी अपने पूरे उभार पर है, तो जल्दी ट्राई करें और अपनी रेट्रो फोटो सोशल मीडिया पर शेयर करें।
यह जानकारी मौजूदा AI ट्रेंड और सामान्य जानकारी पर आधारित है। रिज़ल्ट इस्तेमाल किए जा रहे AI टूल और फोटो की क्वालिटी पर निर्भर कर सकता है।
Reviewed by Editorial Team, Trends Desk, schemenews.com
Bihar Bhumi Jamabandi: जमाबंदी पंजी वही सरकारी दस्तावेज है जो यह साबित करता है कि जमीन किसके नाम पर दर्ज है। इसे रजिस्टर-2 या पंजी-II भी कहा जाता है। पहले इसे देखने के लिए अंचल कार्यालय के चक्कर लगाने पड़ते थे, लेकिन अब पूरी जमाबंदी बिहार भूमि पोर्टल पर ऑनलाइन उपलब्ध है और इसे देखने का कोई शुल्क भी नहीं लगता।
इस आर्टिकल में हम बता रहे हैं कि जमाबंदी पंजी ऑनलाइन देखने के सातों तरीके क्या हैं, अगर आपको जमाबंदी नंबर याद ही नहीं है तो सिर्फ नाम से कैसे खोजें, जमाबंदी में नाम या रकबा गलत हो तो कहां आवेदन करें और आपकी जमाबंदी ऑनलाइन दिख ही न रही हो तो क्या करना है। जमीन से जुड़ी दूसरी सेवा के लिए हमारा दाखिल खारिज स्टेटस वाला आर्टिकल भी पढ़ सकते हैं। नीचे हमने सारी ज़रूरी जानकारी step by step समझाई है, ताकि आपको इससे संबंधित सभी महत्वपूर्ण जानकारी एक ही जगह मिल जाये।
यह जानकारी राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग, बिहार सरकार के बिहार भूमि पोर्टल पर उपलब्ध आधिकारिक जमाबंदी सेवा और विभाग के जमाबंदी संबंधी FAQ पर आधारित है। पूरी जानकारी यहां देखें पर उपलब्ध है।
Bihar Bhumi Jamabandi Panji – Overview
जानकारी
विवरण
सेवा का नाम
जमाबंदी पंजी (Register-2 / पंजी-II)
Launched By
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग, बिहार सरकार
राज्य/Central
सिर्फ बिहार राज्य के लिए
किसके लिए
राज्य के सभी रैयत यानी जमीन मालिक
मुख्य लाभ
जमीन के मालिकाना हक का सरकारी रिकॉर्ड निःशुल्क ऑनलाइन देखना और डाउनलोड करना
शुल्क
ऑनलाइन देखने और डाउनलोड करने का कोई शुल्क नहीं
खोजने के तरीके
कुल 7 विकल्प — नाम, खाता, खेसरा, जमाबंदी नंबर सहित
गलती सुधरवाने का पोर्टल
Parimarjan Plus
Helpline
टोल फ्री 18003456215
Official Website
biharbhumi.bihar.gov.in
Jamabandi Panji क्या होती है और क्यों जरूरी है?
जमाबंदी पंजी अंचल कार्यालय में रखा जाने वाला वह रजिस्टर है जिसमें हर रैयत की जमीन का ब्योरा दर्ज रहता है — मालिक का नाम, पिता का नाम, खाता संख्या, खेसरा संख्या, रकबा और सालाना देय लगान। यही कारण है कि इसे राजस्व रिकॉर्ड की रीढ़ माना जाता है।
इसकी जरूरत कई मौकों पर पड़ती है — जमीन बेचते या खरीदते समय मालिकाना हक जांचने में, बैंक से जमीन पर लोन लेने में, लगान रसीद कटवाने में, किसान योजनाओं में जमीन का ब्योरा देने में और जमीन सर्वे के दौरान कागजात जमा करने में। जिनकी जमाबंदी में गड़बड़ी है, उन्हें इन सभी कामों में दिक्कत आती है।
Jamabandi Panji Kaise Dekhe? पूरा तरीका
सबसे पहले biharbhumi.bihar.gov.in के होम पेज पर जाएं।
वहां “जमाबंदी पंजी देखें” वाले बॉक्स पर क्लिक करें।
ड्रॉपडाउन से अपना जिला (District) और अंचल (Circle) चुनकर Proceed पर क्लिक करें।
अगले पेज पर अपना हल्का (Halka) चुनें।
इसके बाद अपना मौजा (Mauza) यानी गांव चुनें।
अब खोजने का कोई एक तरीका चुनें (नीचे सातों विकल्प दिए गए हैं)।
चुने गए विकल्प के अनुसार जानकारी और सुरक्षा कोड भरकर Search पर क्लिक करें।
पंजी-II की सूची खुलेगी, उसमें अपने नाम के आगे “आगे देखें” पर क्लिक करें।
पूरी जमाबंदी स्क्रीन पर खुल जाएगी, जिसे आप डाउनलोड या प्रिंट कर सकते हैं।
Jamabandi Number Kaise Pata Kare? खोजने के 7 विकल्प
सबसे बड़ी उलझन यही होती है कि जमाबंदी नंबर याद ही नहीं रहता। अच्छी बात यह है कि पोर्टल पर सात अलग-अलग तरीकों से खोज की जा सकती है, और जमाबंदी नंबर उनमें से सिर्फ एक है।
खोजने का तरीका
कब इस्तेमाल करें
भाग वर्तमान और पृष्ठ संख्या से
जब पुरानी जमाबंदी की नकल आपके पास हो
रैयत के नाम से
जब कुछ भी याद न हो — सबसे आसान तरीका
खाता संख्या से
जब रजिस्ट्री के कागज में खाता लिखा हो
खेसरा संख्या से
जब सिर्फ प्लॉट नंबर पता हो
जमाबंदी संख्या से
जब पुरानी लगान रसीद पास हो
कंप्यूटरीकृत जमाबंदी संख्या से
डिजिटल रिकॉर्ड में दर्ज नई संख्या से
समस्त पंजी-2 को नाम के अनुसार
जब एक ही नाम की कई प्रविष्टियां देखनी हों
ध्यान रखें कि नाम से खोजते समय स्पेलिंग वैसी ही डालें जैसी सरकारी कागजों में लिखी है। “रामप्रसाद” और “राम प्रसाद” — दोनों में अलग नतीजे आ सकते हैं। नाम से रिकॉर्ड न मिले तो खाता या खेसरा नंबर से कोशिश करें, यह ज्यादा भरोसेमंद रहता है।
Digital Jamabandi में गलती हो तो Parimarjan Plus से सुधार कराएं
अगर जमाबंदी पंजी में दिखने वाले विवरण में कोई त्रुटि है, तो विभाग के अनुसार रैयत Parimarjan Plus पोर्टल पर जरूरी दस्तावेजों के साथ सुधार के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। आवेदन की जांच अंचल स्तर पर होती है और सही पाए जाने पर रिकॉर्ड अपडेट कर दिया जाता है।
इस पोर्टल से नीचे दी गई गलतियां सुधरवाई जा सकती हैं—
रैयत के नाम या पिता के नाम की स्पेलिंग
पता, लिंग या जाति संबंधी त्रुटि
खाता, खेसरा या रकबा में गड़बड़ी
नए रैयत का नाम जोड़ना
लगान राशि में सुधार
आवेदन का तरीका सीधा है — Parimarjan Plus पोर्टल पर लॉगिन करके “परिमार्जन हेतु आवेदन करें” चुनें, फिर “डिजिटल जमाबंदी में सुधार” पर क्लिक करें, अपना जिला, अंचल, मौजा और खाता नंबर डालकर जमाबंदी खोजें, जरूरी सुधार भरें और सहायक दस्तावेज अपलोड करके सबमिट कर दें।
Apna Khata Bihar और जमाबंदी पंजी में क्या फर्क है?
बिहार भूमि पोर्टल पर दो अलग-अलग विकल्प दिखते हैं और यही सबसे बड़ी उलझन पैदा करते हैं — “अपना खाता देखें” और “जमाबंदी पंजी देखें”। दोनों एक ही चीज नहीं हैं।
आधार
अपना खाता (अधिकार अभिलेख / RoR)
जमाबंदी पंजी (रजिस्टर-2)
क्या दिखाता है
सर्वे के समय दर्ज खाता, खेसरा, रकबा और किस्म
मौजूदा मालिक और चालू लगान की स्थिति
कब काम आता है
जमीन की पहचान और चौहद्दी समझने में
मालिकाना हक और लगान साबित करने में
कैसे खोजें
जिले के नक्शे पर क्लिक करके, फिर अंचल और मौजा से
जिला-अंचल-हल्का-मौजा चुनकर सात विकल्पों में से किसी एक से
सीधे शब्दों में — अपना खाता बताता है कि जमीन कैसी है, और जमाबंदी बताती है कि जमीन अभी किसकी है। जमीन खरीदने या बेचने के मामले में हमेशा जमाबंदी ही निर्णायक मानी जाती है। इसी पोर्टल को लोग भूलेख बिहार या Bihar Land Record के नाम से भी खोजते हैं, लेकिन असली और इकलौती आधिकारिक वेबसाइट biharbhumi.bihar.gov.in ही है।
दो और बातें ध्यान रखने लायक हैं। पहली, जमाबंदी पंजी अब भारत की सभी 22 भाषाओं में देखी जा सकती है, इसलिए राज्य से बाहर रहने वाले परिवार भी इसे अपनी भाषा में पढ़ सकते हैं। दूसरी, पोर्टल से निकाला गया साधारण प्रिंट सिर्फ आपकी जानकारी के लिए होता है — कोर्ट, बैंक या रजिस्ट्री जैसे कानूनी कामों में डिजिटल हस्ताक्षरित प्रति या अंचल कार्यालय से मिली प्रमाणित प्रति ही मान्य होती है। यह फर्क न समझने की वजह से कई लोगों का काम आखिरी मौके पर अटक जाता है।
जमाबंदी ऑनलाइन नहीं दिख रही तो क्या करें?
यह बहुत आम समस्या है, खासकर पुरानी जमीनों के मामले में। इसकी वजह यह है कि ऑनलाइन दाखिल खारिज शुरू होने से पहले की कई जमाबंदियां डिजिटाइजेशन में छूट गई थीं।
विभाग के अनुसार ऐसी छूटी हुई जमाबंदी को ऑनलाइन कराने के लिए भी रैयत को उसी Parimarjan Plus पोर्टल पर आवेदन करना होता है। अंचलाधिकारी जांच के बाद उसे ऑनलाइन कर देते हैं। यानी जमाबंदी न दिखने का मतलब यह नहीं कि आपका मालिकाना हक खत्म हो गया — बस उसे डिजिटल रिकॉर्ड में चढ़वाना बाकी है।
एक और वजह तकनीकी होती है। सर्वर व्यस्त होने पर “No Data Found” दिखने लगता है, जबकि रिकॉर्ड मौजूद रहता है। ऐसे में कुछ घंटे बाद या सुबह के समय दोबारा कोशिश करें, तब पोर्टल पर भार कम रहता है।
Jamabandi Aadhaar Link और मोबाइल नंबर जोड़ना क्यों जरूरी है?
विभाग लगातार रैयतों से अपनी जमाबंदी को आधार और चालू मोबाइल नंबर से जोड़ने को कह रहा है। इसका सीधा फायदा यह है कि आपकी जमीन से जुड़ी किसी भी हलचल — जैसे दाखिल खारिज का आवेदन या लगान भुगतान — की सूचना आपके मोबाइल पर पहुंच जाती है।
यह जमीन के फर्जीवाड़े से बचाव का सबसे आसान तरीका है। अगर कोई आपकी जानकारी के बिना आपकी जमीन पर दाखिल खारिज का आवेदन कर दे, तो मोबाइल जुड़ा होने पर आपको तुरंत पता चल जाएगा और आप समय रहते आपत्ति दर्ज करा सकेंगे।
Expert Insight: जमाबंदी निकालने के बाद ये चार चीजें जरूर मिलाइए
पहली बात, रकबा सबसे पहले जांचिए। जमाबंदी खुलते ही ज्यादातर लोग सिर्फ अपना नाम देखकर संतुष्ट हो जाते हैं। असल गड़बड़ी रकबे में निकलती है — कागज पर जमीन कम या ज्यादा दर्ज होना आगे बंटवारे और बिक्री दोनों में बड़ा विवाद खड़ा करता है। नाम के साथ-साथ खाता, खेसरा और रकबा — तीनों मिलाइए।
दूसरी बात, जमीन खरीदने से पहले जमाबंदी जरूर देखिए। रजिस्ट्री से पहले बेचने वाले की जमाबंदी ऑनलाइन निकालकर देख लीजिए कि जमीन सचमुच उसी के नाम दर्ज है या नहीं। यह पांच मिनट का काम है और लाखों रुपये के धोखे से बचा देता है। बिचौलिये अक्सर यही कहकर टालते हैं कि “कागज घर पर है” — ऐसे में खुद पोर्टल पर देख लीजिए।
तीसरी बात, सुधार के लिए दस्तावेज पहले तैयार रखिए। Parimarjan Plus पर आवेदन तभी मंजूर होता है जब आपकी बात साबित करने वाला कागज साथ लगा हो — जैसे पुरानी जमाबंदी की नकल, रजिस्ट्री, वंशावली या पुरानी लगान रसीद। बिना सहायक दस्तावेज वाले आवेदन सबसे ज्यादा खारिज होते हैं।
चौथी बात, जमीन सर्वे के दौर में यह और जरूरी हो गया है। राज्य में चल रहे भूमि सर्वे में जमाबंदी की जानकारी और लगान रसीद दोनों मांगी जाती हैं। जिनकी जमाबंदी में गलती है या जो ऑनलाइन ही नहीं है, उन्हें सर्वे में सबसे ज्यादा परेशानी होती है। इसलिए सुधार का काम सर्वे टीम के आने का इंतजार किए बिना अभी करा लीजिए।
biharbhumi.bihar.gov.in पर “जमाबंदी पंजी देखें” विकल्प खोलें, फिर जिला, अंचल, हल्का और मौजा चुनकर नाम, खाता या खेसरा में से किसी एक से खोजें। पूरी जमाबंदी स्क्रीन पर खुल जाएगी।
क्या सिर्फ नाम से जमाबंदी निकाली जा सकती है?
हां। “रैयत के नाम से” वाला विकल्प चुनकर सिर्फ नाम से भी जमाबंदी खोजी जा सकती है। नाम की स्पेलिंग सरकारी कागजों जैसी ही रखें, वरना रिकॉर्ड नहीं मिलेगा।
जमाबंदी पंजी और रजिस्टर-2 में क्या फर्क है?
कोई फर्क नहीं, दोनों एक ही दस्तावेज के नाम हैं। इसे पंजी-II भी कहा जाता है। इसमें रैयत का नाम, खाता, खेसरा, रकबा और देय लगान दर्ज रहता है।
Jamabandi me galti sudhar kaise kare?
Parimarjan Plus पोर्टल पर जरूरी दस्तावेजों के साथ ऑनलाइन आवेदन करना होता है। अंचल स्तर पर जांच के बाद डिजिटल जमाबंदी में सुधार कर दिया जाता है।
मेरी जमाबंदी ऑनलाइन उपलब्ध नहीं है, अब क्या करूं?
डिजिटाइजेशन में छूटी हुई जमाबंदी को ऑनलाइन कराने के लिए भी Parimarjan Plus पोर्टल पर आवेदन करना होता है। अंचलाधिकारी द्वारा जांच के बाद उसे ऑनलाइन कर दिया जाता है।
अपना खाता और जमाबंदी में क्या अंतर है?
अपना खाता यानी अधिकार अभिलेख सर्वे के समय दर्ज खाता, खेसरा और रकबा दिखाता है, जबकि जमाबंदी पंजी मौजूदा मालिक और चालू लगान की स्थिति बताती है। खरीद-बिक्री के मामलों में जमाबंदी ही निर्णायक मानी जाती है।
क्या जमाबंदी का प्रिंट बैंक या कोर्ट में मान्य होता है?
साधारण प्रिंट सिर्फ जानकारी के लिए होता है। कानूनी काम के लिए डिजिटल हस्ताक्षरित प्रति या अंचल कार्यालय से जारी प्रमाणित प्रति ही मान्य होती है।
अपनी जमीन का भू-नक्शा कहां देखें?
भू-नक्शा जमाबंदी से अलग सेवा है और यह bhunaksha.bihar.gov.in पर उपलब्ध है। वहां जिला, अंचल, मौजा और शीट चुनकर अपने खेसरा नंबर पर क्लिक करने से प्लॉट का नक्शा खुल जाता है।
क्या जमाबंदी देखने का कोई शुल्क लगता है?
नहीं। बिहार भूमि पोर्टल पर जमाबंदी देखना और डाउनलोड करना पूरी तरह निःशुल्क है। इसके नाम पर पैसे मांगने वाले किसी भी व्यक्ति या ऐप से बचें।
जमाबंदी पंजी आपकी जमीन का सबसे बुनियादी सरकारी सबूत है, और अब यह मुफ्त में, घर बैठे, मोबाइल से देखी जा सकती है। आज ही अपनी जमाबंदी निकालकर नाम, खाता, खेसरा और रकबा — चारों मिला लीजिए। अगर कोई गलती दिखे या जमाबंदी ऑनलाइन ही न मिले, तो Parimarjan Plus पर आवेदन करने में देर मत कीजिए। सर्वे और दाखिल खारिज दोनों में यही रिकॉर्ड देखा जाता है, और बाद में सुधरवाना कहीं ज्यादा मुश्किल पड़ता है।
Bihar Librarian Eligibility Test 2026 Apply Now : बिहार के लाखों लाइब्रेरी साइंस डिग्री धारकों का 14 साल पुराना इंतजार आखिरकार हिलता दिख रहा है। बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB) ने विद्यालय पुस्तकालयाध्यक्ष पात्रता परीक्षा, 2026 की सूचना जारी कर दी है। इस Bihar Librarian Eligibility Test 2026 के लिए ऑनलाइन फॉर्म 15 सितंबर 2026 से 5 अक्टूबर 2026 तक भरे जाएंगे, जबकि परीक्षा 19 नवंबर 2026 से 10 दिसंबर 2026 के बीच ली जाएगी। समिति ने बताया है कि शिक्षा विभाग से निर्देश मिलने के बाद ही यह पूरा कार्यक्रम तय किया गया है।
यह खबर सिर्फ एक परीक्षा की तारीख भर नहीं है। यही वह पहला दरवाजा है जिससे गुजरे बिना आप राज्य के सरकारी स्कूलों में पुस्तकालयाध्यक्ष की भर्ती में आवेदन तक नहीं कर पाएंगे। इस लेख में हमने योग्यता, उम्र, फीस, फॉर्म भरने का तरीका, सिलेबस, कट ऑफ और सैलरी तो बताई ही है, साथ ही यह भी बताया है कि तैयारी के इन महीनों में बिहार सरकार की किन योजनाओं का फायदा आप उठा सकते हैं, जैसे ग्रेजुएट युवाओं के लिए चलने वाला स्वयं सहायता भत्ता। नीचे हमने सारी ज़रूरी जानकारी step by step समझाई है, ताकि आपको इससे संबंधित सभी महत्वपूर्ण जानकारी एक ही जगह मिल जाये।
यह जानकारी बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB) की 1 सितंबर 2026 को जारी अधिकारिक सूचना पर आधारित है। पूरा नोटिस और आगे आने वाला विस्तृत bseb librarian notification 2026यहां देखें पर उपलब्ध होगा।
Bihar Librarian Eligibility Test 2026: Overview
परीक्षा का नाम
विद्यालय पुस्तकालयाध्यक्ष पात्रता परीक्षा, 2026
किसके द्वारा (Conducted By)
बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB), शिक्षा विभाग के निर्देश पर
राज्य / Central
सिर्फ बिहार राज्य के लिए
किसके लिए (Beneficiaries)
लाइब्रेरी साइंस (BLIS/MLIS या समकक्ष) डिग्री धारक अभ्यर्थी
मुख्य लाभ
पात्रता प्रमाण पत्र, जिसके बाद लगभग 6,500 School Librarian पदों की भर्ती में आवेदन का अधिकार
Bihar Librarian Eligibility Test 2026 क्या है और Bihar Librarian Vacancy 2026 से इसका रिश्ता क्या है?
सबसे पहले पूरी तस्वीर समझ लीजिए, क्योंकि यहीं पर ज्यादातर अभ्यर्थी गच्चा खाते हैं। बिहार में स्कूल लाइब्रेरियन बनने का रास्ता अब तीन साफ चरणों में बंटा है, और आप अभी सिर्फ पहले चरण पर खड़े हैं।
चरण
क्या होता है
मौजूदा स्थिति
पहला चरण
BSEB की पात्रता परीक्षा पास करना
अभी शुरू हो रहा है (15 सितंबर से फॉर्म)
दूसरा चरण
BPSC द्वारा School Librarian भर्ती का विज्ञापन और आवेदन
यानी Bihar Librarian Vacancy 2026 और यह पात्रता परीक्षा दो अलग चीजें हैं। पात्रता परीक्षा पास करने से आपको नौकरी नहीं मिल जाएगी, बल्कि सिर्फ यह हक मिलेगा कि जब भर्ती निकले तो आप फॉर्म भर सकें। जिनके पास यह प्रमाण पत्र नहीं होगा, उनका फॉर्म भरने का सवाल ही नहीं उठेगा, चाहे उनकी डिग्री कितनी भी अच्छी क्यों न हो।
यहां यह भी समझ लें कि पूरी bihar library science vacancy की तस्वीर में दो अलग-अलग धाराएं चल रही हैं। एक स्कूल स्तर की भर्ती है, जो BPSC के जरिए होगी और जिसके लिए यह पात्रता परीक्षा अनिवार्य है। दूसरी विश्वविद्यालय और कॉलेज स्तर के लाइब्रेरियन पदों की प्रक्रिया है, जो अलग से विश्वविद्यालयों के जरिए चलती है और उसमें यह पात्रता परीक्षा लागू नहीं होती।
“Bihar Librarian STET 2026” क्या है?
लोग इंटरनेट पे bihar librarian stet 2026 लिखकर इसके बारे में जानकारी हासिल कर रहे हैं, और यही सबसे बड़ी उलझन की जड़ है। सच यह है कि यह STET नहीं है।
STET यानी माध्यमिक शिक्षक पात्रता परीक्षा शिक्षकों के लिए होती है, और उसका आवेदन 17 अगस्त से शुरू होकर 15 सितंबर 2026 को बंद हो रहा है। ठीक उसी दिन से पुस्तकालयाध्यक्ष पात्रता परीक्षा का फॉर्म शुरू हो रहा है। दोनों का आयोजक BSEB जरूर एक है, लेकिन सूचना अलग है, फॉर्म अलग है, योग्यता अलग है और परीक्षा भी अलग है।
इसलिए अगर आपके पास लाइब्रेरी साइंस की डिग्री है तो आपको STET का फॉर्म नहीं भरना है। आपको वही फॉर्म भरना है जो 15 सितंबर से पुस्तकालयाध्यक्ष पात्रता परीक्षा के नाम से खुलेगा। गलत फॉर्म भरने पर न फीस वापस मिलेगी और न ही पात्रता।
Bihar Librarian Exam Date 2026: पूरा शेड्यूल एक नजर में
फिलहाल सूचना में दो ही तारीखें पक्की तौर पर बताई गई हैं। बाकी तारीखें विस्तृत नोटिफिकेशन में तय होंगी। नीचे पूरा bihar librarian exam date 2026 शेड्यूल दिया गया है।
घटना
तारीख / स्थिति
सूचना जारी
1 सितंबर 2026
ऑनलाइन फॉर्म शुरू
15 सितंबर 2026
फॉर्म भरने की अंतिम तिथि
5 अक्टूबर 2026
फीस जमा करने की अंतिम तिथि
विस्तृत नोटिफिकेशन में घोषित होगी
करेक्शन विंडो
अभी घोषित नहीं
एडमिट कार्ड
परीक्षा से कुछ दिन पहले
पात्रता परीक्षा
19 नवंबर से 10 दिसंबर 2026
आंसर की और रिजल्ट
परीक्षा खत्म होने के बाद
ध्यान दीजिए, परीक्षा एक दिन की नहीं है। 22 दिनों की इस लंबी विंडो का सीधा मतलब है कि परीक्षा कई तारीखों और कई पालियों में होगी। आपकी अपनी तारीख और शिफ्ट कौन सी होगी, यह सिर्फ एडमिट कार्ड से ही पता चलेगा।
BSEB Librarian Eligibility: कौन-कौन आवेदन कर सकता है?
चूंकि विस्तृत नोटिफिकेशन अभी नहीं आया है, नीचे दी गई bseb librarian eligibility बिहार स्कूल लाइब्रेरियन नियमावली और अब तक सामने आई आधिकारिक जानकारी पर आधारित है।
अभ्यर्थी भारत का नागरिक और बिहार का निवासी हो
किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से न्यूनतम 45 प्रतिशत अंकों के साथ स्नातक (Graduation)
लाइब्रेरी साइंस में डिग्री, यानी BLIS या उसके समकक्ष
आरक्षित वर्ग, महिला और EWS अभ्यर्थियों को न्यूनतम अंकों में 5 प्रतिशत की छूट, लेकिन यह छूट सिर्फ बिहार के मूल निवासियों पर लागू होती है
MLIS किए हुए अभ्यर्थी भी पात्र हैं, क्योंकि उनके पास BLIS की डिग्री पहले से होती है
बिहार से बाहर के अभ्यर्थियों की स्थिति नोटिफिकेशन में ही साफ होगी, लेकिन आरक्षण, फीस छूट और अंकों की छूट का लाभ आमतौर पर बाहरी अभ्यर्थियों को नहीं मिलता।
Bihar Librarian Age Limit
पात्रता परीक्षा में बैठने के लिए मुख्य रूप से न्यूनतम उम्र देखी जाती है, जबकि अधिकतम उम्र की सख्त जांच असली भर्ती के समय होती है। bihar librarian age limit की मौजूदा स्थिति इस प्रकार है।
न्यूनतम आयु भर्ती वर्ष की 1 अगस्त तक 21 वर्ष
अधिकतम आयु बिहार सरकार के सामान्य प्रशासन विभाग की प्रचलित नीति के अनुसार, श्रेणीवार छूट के साथ
नई नियमावली लागू होने के बाद पहले भर्ती चक्र में अधिकतम आयु में 10 वर्ष की अतिरिक्त छूट का प्रावधान बताया गया है
यह 10 साल वाली छूट उन हजारों अभ्यर्थियों के लिए राहत की खबर है जिन्होंने 14 साल पहले BLIS किया था और उम्र निकल जाने के डर से उम्मीद छोड़ चुके थे। अगर आपकी उम्र सीमा के आसपास है, तो फीस भरने से पहले नोटिफिकेशन में अपनी श्रेणी की छूट लिखित में जरूर पढ़ लें।
Bihar Librarian Vacancy 2026 Qualification: डिग्री की मान्यता सबसे बड़ी शर्त है
जब bihar librarian vacancy 2026 qualification की बात आती है, तो अभ्यर्थी सिर्फ यह देखते हैं कि उनके पास डिग्री है या नहीं। लेकिन असली पेच डिग्री होने में नहीं, डिग्री की मान्यता में फंसता है। दस्तावेज सत्यापन के समय सबसे ज्यादा फॉर्म इसी वजह से रद्द होते हैं।
blis degree bihar librarian पद के लिए तभी मान्य है जब वह किसी सरकार से मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय या संस्थान से ली गई हो
डिस्टेंस मोड और प्राइवेट संस्थानों से की गई डिग्री के मामले में मान्यता की जांच पहले ही कर लें
मौलाना मजहरुल हक अरबी एवं फारसी विश्वविद्यालय की आलिम डिग्री को स्नातक के समकक्ष माना गया है
कामेश्वर सिंह दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय की शास्त्री डिग्री भी स्नातक के समकक्ष मान्य है
जो अभ्यर्थी alim degree bihar librarian eligibility को लेकर उलझन में हैं, उनके लिए साफ बात यह है कि आलिम डिग्री स्नातक की जगह मान्य होती है, लेकिन उसके ऊपर लाइब्रेरी साइंस की डिग्री अलग से करनी ही होगी। सिर्फ आलिम या शास्त्री डिग्री से आप पात्र नहीं बनते।
Bihar Librarian Apply Online: फॉर्म भरने का पूरा तरीका और फीस
आवेदन पूरी तरह ऑनलाइन होगा और लिंक 15 सितंबर 2026 को खुलेगा। BSEB आमतौर पर अपनी पात्रता परीक्षाओं के लिए एक अलग रजिस्ट्रेशन पोर्टल जारी करता है, जिसका पता विस्तृत नोटिफिकेशन के साथ ही सामने आएगा। bihar librarian apply online की सामान्य प्रक्रिया नीचे दी गई है।
नोटिफिकेशन में दिए गए रजिस्ट्रेशन पोर्टल पर जाकर नया रजिस्ट्रेशन करें
नाम, मोबाइल नंबर और ईमेल डालकर OTP से मोबाइल वेरिफाई करें
मोबाइल पर आए यूजर आईडी और पासवर्ड से लॉगिन करें
व्यक्तिगत जानकारी, दसवीं से लेकर BLIS तक की सारी शैक्षणिक जानकारी और श्रेणी सावधानी से भरें
तय साइज में फोटो, हस्ताक्षर और मांगे गए प्रमाण पत्र अपलोड करें
ऑनलाइन फीस जमा करें और ट्रांजैक्शन आईडी नोट कर लें
फाइनल सबमिट से पहले पूरा फॉर्म एक बार दोबारा जांचें, फिर प्रिंटआउट सुरक्षित रखें
फीस की आधिकारिक राशि अभी घोषित नहीं हुई है। लेकिन BSEB अपनी पात्रता परीक्षाओं में लगभग एक जैसा शुल्क ढांचा रखता है, इसलिए संदर्भ के तौर पर नीचे दी गई राशि से आपको अंदाजा मिल जाएगा कि कितना पैसा तैयार रखना है।
श्रेणी
अनुमानित शुल्क (संदर्भ के लिए)
सामान्य, BC, EBC, EWS
लगभग ₹960 से ₹1,440
SC, ST, दिव्यांग
लगभग ₹760 से ₹1,140
यह आंकड़ा सिर्फ अनुमान है, इस परीक्षा की घोषित फीस नहीं। भुगतान डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड, नेट बैंकिंग या UPI से होगा। सही राशि आते ही हम इसी लेख में अपडेट कर देंगे।
जरूरी दस्तावेज और जो अभी नहीं बने हैं उन्हें कैसे बनवाएं
फॉर्म भरने की खिड़की सिर्फ 21 दिन की है। इतने कम समय में अगर कोई प्रमाण पत्र बनवाना पड़ गया तो फॉर्म छूट सकता है। इसलिए यह लिस्ट आज ही मिलाकर देख लीजिए।
दसवीं और बारहवीं की मार्कशीट व प्रमाण पत्र
स्नातक की मार्कशीट और डिग्री
BLIS या MLIS का प्रमाण पत्र
निवास प्रमाण पत्र
जाति प्रमाण पत्र और जरूरत पड़ने पर नॉन क्रीमी लेयर प्रमाण पत्र
EWS प्रमाण पत्र, अगर लागू हो
दिव्यांगता प्रमाण पत्र, अगर लागू हो
आधार कार्ड, हाल की पासपोर्ट साइज फोटो और स्कैन किया हुआ हस्ताक्षर
चालू मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी
अगर इनमें से निवास प्रमाण पत्र अभी नहीं बना है, तो घबराइए मत, यह RTPS पोर्टल से घर बैठे बन जाता है और आमतौर पर कुछ ही दिनों में मिल जाता है। पूरी प्रक्रिया समझने के लिए हमारा बिहार निवास प्रमाण पत्र ऑनलाइन आवेदन वाला लेख पढ़ लीजिए और आज ही आवेदन कर दीजिए।
आधिकारिक सिलेबस नोटिफिकेशन के साथ आएगा, लेकिन लाइब्रेरी साइंस की पात्रता परीक्षाओं का ढांचा सालों से लगभग एक जैसा रहा है। जो लोग bihar librarian eligibility test syllabus in hindi खोज रहे हैं, उनके लिए मुख्य टॉपिक नीचे दिए गए हैं। परीक्षा वस्तुनिष्ठ यानी बहुविकल्पीय होगी और कंप्यूटर आधारित मोड में होने की संभावना है, क्योंकि इतनी लंबी परीक्षा विंडो आमतौर पर CBT में ही रखी जाती है।
लाइब्रेरी साइंस का हिस्सा
पुस्तकालय वर्गीकरण यानी Library Classification, जिसमें DDC, Colon Classification और UDC शामिल हैं
पुस्तकालय सूचीकरण यानी Cataloguing, जिसमें CCC, AACR-2 और MARC आते हैं
डॉ. एस. आर. रंगनाथन के पुस्तकालय विज्ञान के पांच सूत्र
पुस्तकालय प्रबंधन और प्रशासन, पुस्तक अधिग्रहण, परिचालन और स्टॉक वेरिफिकेशन
संदर्भ सेवा और सूचना स्रोत, यानी प्राथमिक, द्वितीयक और तृतीयक स्रोत
पुस्तकालय स्वचालन और डिजिटल लाइब्रेरी, जिसमें Koha और SOUL जैसे सॉफ्टवेयर आते हैं
पुस्तकालय कानून और स्कूल लाइब्रेरी की भूमिका
सामान्य ज्ञान और बाकी विषय
भारत और खासकर बिहार का सामान्य ज्ञान
राष्ट्रीय और बिहार से जुड़े करेंट अफेयर्स
सामान्य हिंदी और सामान्य अंग्रेजी
तार्किक क्षमता और बुनियादी गणित
कंप्यूटर की बुनियादी जानकारी
तैयारी की रणनीति साफ रखिए। वर्गीकरण और सूचीकरण से सबसे ज्यादा प्रश्न आते हैं और यही सबसे ज्यादा स्कोरिंग हिस्सा है, इसलिए इन्हीं दोनों को सबसे पहले मजबूत करें।
Bihar Librarian STET Cut Off 2026: कितने अंक लाने होंगे?
बहुत से अभ्यर्थी अभी से bihar librarian stet cut off 2026 खोज रहे हैं, इसलिए एक बात साफ कर देना जरूरी है। पात्रता परीक्षा में मेरिट लिस्ट या कट ऑफ जैसी कोई प्रतिस्पर्धी चीज नहीं होती। इसमें बस एक तय न्यूनतम प्रतिशत लाना होता है, और उतना लाते ही आप पास हो जाते हैं, चाहे कितने भी लोग पास हो जाएं।
श्रेणी
न्यूनतम प्रतिशत (संदर्भ के लिए)
सामान्य
लगभग 50 प्रतिशत
पिछड़ा वर्ग
लगभग 45.5 प्रतिशत
अत्यंत पिछड़ा वर्ग
लगभग 42.5 प्रतिशत
SC, ST, दिव्यांग और महिला
लगभग 40 प्रतिशत
असली कट ऑफ की लड़ाई आगे होगी, जब BPSC की भर्ती परीक्षा में मेरिट बनेगी। इसलिए इस चरण में कट ऑफ का डर पालने के बजाय सिर्फ इतना लक्ष्य रखिए कि आराम से क्वालिफाइंग प्रतिशत पार हो जाए।
Bihar Librarian Salary Per Month: पास होने के बाद क्या मिलेगा?
पात्रता परीक्षा पास करने पर सीधे वेतन नहीं मिलता, लेकिन आगे जिस पद के लिए आप योग्य बनेंगे उसका आर्थिक लाभ जान लेना जरूरी है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार bihar librarian salary per month की तस्वीर इस तरह बनती है।
मद
राशि
शुरुआती मूल वेतन
लगभग ₹31,000 से ₹32,000 प्रति माह
अतिरिक्त भत्ते
महंगाई भत्ता, मकान किराया भत्ता और अन्य सरकारी भत्ते
अनुमानित हाथ में आने वाली राशि
लगभग ₹35,000 से ₹42,000 प्रति माह (अनुमानित)
भुगतान का तरीका
सीधे बैंक खाते में, सरकारी वेतन प्रणाली के जरिए
पेंशन
नई पेंशन योजना का लाभ
सेवा अवधि
60 वर्ष की आयु तक
ऊपर दी गई हाथ में आने वाली राशि एक अनुमानित आंकड़ा है, कोई आधिकारिक घोषित वेतन नहीं। सटीक पे लेवल और कटौती के बाद की राशि भर्ती नोटिफिकेशन आने पर ही साफ होगी।
तैयारी के इन महीनों में इन सरकारी योजनाओं का फायदा जरूर उठाएं
अगले तीन महीने आपके लिए तैयारी के महीने हैं, और इस दौरान ज्यादातर अभ्यर्थी बेरोजगार या अर्ध-बेरोजगार स्थिति में होते हैं। बिहार सरकार की कुछ योजनाएं ठीक इसी हालात के लिए बनी हैं, लेकिन जानकारी न होने की वजह से हजारों युवा इनका लाभ नहीं ले पाते। यह वह जानकारी है जो आपको किसी परीक्षा-नोटिस में नहीं मिलेगी।
स्वयं सहायता भत्ता: बारहवीं पास और ग्रेजुएट बेरोजगार युवाओं को दो साल तक हर महीने भत्ता मिलता है, जो कुल मिलाकर ₹24,000 तक बनता है। तैयारी के दौरान किताबों और फॉर्म फीस का खर्च निकालने के लिए यह बड़ा सहारा है। पूरी प्रक्रिया यहां पढ़ें।
स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड: अगर आपने अभी तक BLIS नहीं किया है और यह देखकर करना चाहते हैं कि आगे 6,500 पद खुलने वाले हैं, तो पढ़ाई के लिए 4 लाख रुपये तक का शून्य ब्याज वाला लोन मिल सकता है। जानकारी के लिए स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड वाला लेख देखें।
निवास प्रमाण पत्र: यह इस परीक्षा का सीधा जरूरी दस्तावेज है और RTPS से मुफ्त में ऑनलाइन बन जाता है।
बिहार सरकार की बाकी योजनाओं की पूरी सूची देखने के लिए Bihar Sarkari Yojana सेक्शन पर जा सकते हैं।
Bihar Me Librarian Banne Ke Liye Kya Kare: Expert Advice
जो लोग bihar me librarian banne ke liye kya kare पूछ रहे हैं, उनके लिए सबसे कीमती सलाह तारीखों के गणित में छिपी है। फॉर्म 5 अक्टूबर को बंद होगा और परीक्षा 19 नवंबर से शुरू है। यानी फॉर्म भरने के बाद पढ़ाई के लिए मुश्किल से छह हफ्ते बचेंगे। जो अभ्यर्थी विस्तृत नोटिफिकेशन का इंतजार करके पढ़ाई शुरू करेंगे, वे शुरू में ही पिछड़ जाएंगे। पढ़ाई आज से शुरू कीजिए, फॉर्म बीच में भर लीजिएगा।
दूसरी बात और भी गंभीर है। रिपोर्ट्स के अनुसार लाइब्रेरियन भर्ती परीक्षा में अधिकतम पांच प्रयास की सीमा प्रस्तावित है। अगर यह लागू हुआ, तो हर मौका गिना जाएगा। इसलिए इसे हल्के में लेकर सिर्फ अनुभव के लिए बैठने वाली परीक्षा मत समझिए।
दस्तावेज आज ही एक फोल्डर में स्कैन करके रख लें, फॉर्म के आखिरी दिनों में सर्वर धीमा होता है
वर्गीकरण और सूचीकरण को पहले तीन हफ्तों में खत्म करें, बाकी टॉपिक बाद में
रंगनाथन के पांच सूत्र रटने के बजाय समझकर याद करें, इनसे घुमा-फिराकर प्रश्न आते हैं
कंप्यूटर पर मॉक टेस्ट देने की आदत डालें, क्योंकि परीक्षा CBT में होने की पूरी संभावना है
अपनी BLIS डिग्री देने वाले संस्थान की मान्यता अभी जांच लें, बाद में यह सबसे बड़ी दिक्कत बनती है
किसी एजेंट या बिचौलिये के झांसे में मत आइए, इस परीक्षा में फॉर्म भरने के अलावा कोई खर्च नहीं है
Bihar Librarian Eligibility Test 2026 – Frequently Asked Questions (FAQ)
Bihar librarian ka form kab aayega 2026?
फॉर्म 15 सितंबर 2026 से भरा जाना शुरू होगा और 5 अक्टूबर 2026 तक भरा जा सकेगा। ध्यान रखें कि यह पात्रता परीक्षा का फॉर्म है, नौकरी की भर्ती का फॉर्म बाद में अलग से आएगा।
Kya bihar librarian ke liye STET jaruri hai?
नहीं। लाइब्रेरियन बनने के लिए शिक्षक वाली STET नहीं, बल्कि यह अलग विद्यालय पुस्तकालयाध्यक्ष पात्रता परीक्षा देनी है। दोनों को BSEB ही कराता है, लेकिन फॉर्म, योग्यता और परीक्षा तीनों अलग हैं।
क्या Bihar librarian exam date 2027 में खिसक सकती है?
परीक्षा 19 नवंबर से 10 दिसंबर 2026 के बीच तय है, इसलिए परीक्षा 2026 में ही होगी। हां, रिजल्ट और उसके बाद आने वाली BPSC भर्ती की प्रक्रिया 2027 तक खिंच सकती है, इसीलिए कई लोग 2027 लिखकर सर्च करते हैं।
Alim degree bihar librarian eligibility में मान्य है क्या?
हां, आलिम डिग्री को स्नातक के समकक्ष माना गया है और शास्त्री डिग्री को भी। लेकिन इसके ऊपर लाइब्रेरी साइंस की डिग्री अलग से होनी जरूरी है, सिर्फ आलिम या शास्त्री से पात्रता नहीं बनती।
Bihar library science vacancy में कॉलेज के पद भी शामिल हैं क्या?
नहीं। यह पात्रता परीक्षा सिर्फ स्कूल स्तर के पुस्तकालयाध्यक्ष पदों के लिए है। विश्वविद्यालय और कॉलेज स्तर के लाइब्रेरियन पदों की भर्ती अलग प्रक्रिया से होती है और उसमें यह परीक्षा लागू नहीं होती।
इस परीक्षा में नेगेटिव मार्किंग होगी क्या?
BSEB अपनी पात्रता परीक्षाओं में आमतौर पर नेगेटिव मार्किंग नहीं रखता, इसलिए इसमें भी न होने की संभावना है। अंतिम पुष्टि विस्तृत नोटिफिकेशन आने पर ही मानें।
Bihar Librarian Eligibility Test 2026 Important Links
चौदह साल में यह पहला मौका है जब बिहार में लाइब्रेरी साइंस की डिग्री किसी काम आती दिख रही है। इस पात्रता परीक्षा को पास किए बिना आप उस भर्ती के फॉर्म को छू भी नहीं पाएंगे जिसका इंतजार आप सालों से कर रहे हैं। फॉर्म की खिड़की सिर्फ 21 दिन खुली रहेगी और उसके बाद परीक्षा में डेढ़ महीने से भी कम बचेगा। दस्तावेज आज ही तैयार कर लीजिए और 5 अक्टूबर की अंतिम तिथि का इंतजार मत कीजिए, क्योंकि तारीख बढ़ने की उम्मीद में बैठे रहना ही सबसे बड़ी भूल साबित होती है।
Bihar Lagan Rasid Online: बिहार में जमीन का लगान जमा कराने के लिए अब हल्का कर्मचारी या अंचल कार्यालय के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं रह गई है। राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने वित्तीय वर्ष 2020-21 से मैनुअल यानी ऑफलाइन रसीद काटना बंद कर दिया है और अब पूरा भुगतान ऑनलाइन पोर्टल से ही होता है। रसीद भी तुरंत PDF में डाउनलोड हो जाती है।
इस आर्टिकल में हम बता रहे हैं कि भू-लगान ऑनलाइन कैसे जमा करें, लगान की राशि कितनी होती है, भुगतान के बाद रसीद कैसे निकालें, पेमेंट फेल होने या पैसे कट जाने पर क्या करें, और वे गलतियां कौन-सी हैं जिनकी वजह से लोगों का लगान गलत जमाबंदी में चला जाता है। अपनी जमाबंदी संख्या पता करने के लिए हमारा Bihar Bhumi Jamabandi वाला आर्टिकल पहले देख लें। इस आर्टिकल में हमने हर छोटी-बड़ी बात कवर की है, ताकि आप बिना कोई confusion के apply कर सकें।
यह जानकारी राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग, बिहार सरकार के भू-लगान पोर्टल पर उपलब्ध सेवाओं पर आधारित है। पूरी जानकारी यहां देखें पर उपलब्ध है।
Bihar Bhu Lagan – Overview
जानकारी
विवरण
सेवा का नाम
भू-लगान ऑनलाइन भुगतान एवं रसीद (Land Revenue Receipt)
Launched By
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग, बिहार सरकार
राज्य/Central
सिर्फ बिहार राज्य के लिए
किसके लिए
बिहार के सभी रैयत एवं जमीन मालिक
मुख्य लाभ
घर बैठे लगान जमा, तुरंत डिजिटल रसीद, जो दाखिल खारिज, LPC और बैंक लोन में काम आती है
अनुमानित लगान राशि
ज्यादातर मामलों में कुछ रुपये से लेकर लगभग ₹500 तक, जमीन के रकबे और किस्म पर निर्भर
भुगतान का तरीका
UPI, डेबिट/क्रेडिट कार्ड और नेट बैंकिंग
ऑफलाइन रसीद
वित्तीय वर्ष 2020-21 से बंद
रसीद मिलने का समय
भुगतान सफल होते ही तुरंत
Helpline
टोल फ्री 18003456215
Official Website
bhulagan.bihar.gov.in
भू-लगान क्या है और इसे भरना क्यों जरूरी है?
भू-लगान जमीन पर लगने वाला सालाना सरकारी कर है। रकम बहुत छोटी होती है, इसलिए ज्यादातर लोग इसे टाल देते हैं। लेकिन इसका असली महत्व रकम में नहीं, बल्कि उस रसीद में है जो भुगतान के बाद मिलती है।
लगान रसीद इस बात का सबसे ताजा सबूत होती है कि जमीन आपके कब्जे और नाम में है।
दाखिल खारिज के आवेदन में यह रसीद मांगी जाती है।
LPC यानी भूमि धारण प्रमाण पत्र बनवाने में यह जरूरी है।
बैंक से जमीन पर लोन लेते समय भी यही देखी जाती है।
जमीन बेचते समय खरीदार सबसे पहले यही मांगता है।
किसी विवाद या कब्जे के मामले में यह मजबूत दस्तावेज बनती है।
यही वजह है कि कई साल तक लगान न भरने वाले लोगों को जमीन बेचते या नाम चढ़वाते समय सबसे ज्यादा दिक्कत आती है।
जमीन का रसीद ऑनलाइन कैसे काटे? पूरी प्रक्रिया
भुगतान से पहले अपनी जमाबंदी संख्या या खाता-खेसरा की जानकारी तैयार रखें। पुरानी रसीद हो तो उसी पर यह सब लिखा मिल जाएगा। पोर्टल के होम पेज पर दो मुख्य विकल्प रहते हैं — “बकाया देखें” जिससे सिर्फ बकाया राशि जांची जाती है, और “ऑनलाइन भुगतान करें” जिससे असल में रसीद कटती है।
सबसे पहले bhulagan.bihar.gov.in पर जाएं, या biharbhumi.bihar.gov.in के होम पेज पर “भू-लगान” विकल्प चुनें।
“ऑनलाइन भुगतान करें” वाले विकल्प पर क्लिक करें।
अपना जिला, अंचल, हल्का और मौजा चुनें।
अब भाग बरतमान और पृष्ठ संख्या बरतमान, रैयत का नाम, खाता नंबर, खेसरा नंबर या जमाबंदी संख्या में से किसी एक विकल्प से अपनी जमीन खोजें।
सूची में अपनी जमाबंदी के सामने “देखें” पर क्लिक करें।
स्क्रीन पर रैयत का नाम, जमीन का विवरण, निर्धारित लगान दर, पिछला भुगतान कब हुआ था और पिछले वित्तीय वर्षों का कुल बकाया — सब दिख जाएगा।
“ऑनलाइन भुगतान करें” पर क्लिक करके Remitter Name वाले खाने में अपना नाम, फिर मोबाइल नंबर, पता, पिन कोड और ईमेल भरें।
Terms & Conditions पर टिक करके भुगतान पेज पर जाएं।
UPI, डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड या नेट बैंकिंग से भुगतान पूरा करें। नेट बैंकिंग न होने पर बैंक चालान यानी ई-चालान का विकल्प भी चुना जा सकता है, जिसे बैंक शाखा में जमा करने के बाद रसीद जारी होती है।
भुगतान सफल होते ही रसीद स्क्रीन पर आ जाएगी, जिसे PDF में डाउनलोड करके प्रिंट निकाल लें।
भुगतान के समय स्क्रीन पर दिखने वाली भुगतान संख्या और Transaction ID जरूर नोट कर लें। दिक्कत आने पर यही दोनों नंबर काम आते हैं।
Lagan Rasid Download और Payment Status Check
अगर भुगतान के तुरंत बाद रसीद नहीं खुल पाई या आपने गलती से पेज बंद कर दिया, तो घबराने की जरूरत नहीं। रसीद बाद में भी निकाली जा सकती है।
भू-लगान पोर्टल पर “लंबित भुगतान देखें” विकल्प खोलें।
अपनी Transaction ID दर्ज करके Verify बटन दबाएं।
स्क्रीन पर भुगतान का पूरा विवरण और स्थिति दिख जाएगी।
वहीं से रसीद प्रिंट या डाउनलोड की जा सकती है।
पुरानी रसीद डाउनलोड करना भी उतना ही आसान है। अपनी जमाबंदी खोलिए और वहीं “पिछले भुगतान का विवरण” वाले हिस्से में हर साल की रसीद के आगे देखने का विकल्प मिलेगा, जहां से उसे प्रिंट या PDF में सेव किया जा सकता है। पोर्टल पर हर साल के भुगतान का रिकॉर्ड सुरक्षित रहता है, इसलिए घर की पुरानी रसीद खो जाने पर भी घबराने की जरूरत नहीं।
पैसे कट गए पर रसीद नहीं मिली, तो क्या करें?
यह सबसे आम शिकायत है, खासकर तब जब भुगतान के बीच में इंटरनेट टूट जाए। ऐसी स्थिति में सबसे पहली सलाह यही है कि दोबारा भुगतान मत कीजिए, वरना दो बार पैसे कट जाएंगे।
पहले 24 से 48 घंटे इंतजार करें, ज्यादातर मामलों में स्थिति अपने आप अपडेट हो जाती है।
Transaction ID डालकर “लंबित भुगतान देखें” में स्थिति जांचें।
स्थिति सफल दिखे तो वहीं से रसीद निकाल लें।
भुगतान असफल दिखे तो कटी हुई रकम आमतौर पर कुछ कार्यदिवसों में बैंक खाते में वापस आ जाती है।
एक हफ्ते तक न पैसा लौटे और न रसीद मिले, तो बैंक स्टेटमेंट और Transaction ID के साथ टोल फ्री नंबर 18003456215 पर संपर्क करें।
Expert Insight: लगान भरते समय ये चार गलतियां सबसे भारी पड़ती हैं
पहली गलती, बिना जमाबंदी मिलाए भुगतान कर देना। एक ही गांव में मिलते-जुलते नाम बहुत होते हैं, और जल्दबाजी में लोग किसी दूसरे की जमाबंदी पर लगान भर देते हैं। पैसा तो चला जाता है, पर आपकी जमीन का बकाया वैसे का वैसा रहता है और यह गलती सुधरवाने में महीनों लगते हैं। भुगतान से पहले खाता, खेसरा और रकबा — तीनों मिलाकर देखिए।
दूसरी गलती, हर साल न भरना। लगान की रकम छोटी होने के कारण लोग सोचते हैं कि बाद में एक साथ भर देंगे। लेकिन जमाबंदी में “अंतिम बार लगान कब जमा हुआ” वाली लाइन दर्ज रहती है, और कई साल का अंतर दिखने पर दाखिल खारिज तथा LPC दोनों में सवाल खड़े होते हैं। साल में एक बार, अप्रैल-मई के आसपास यह काम निपटा लेना सबसे अच्छा रहता है।
तीसरी गलती, रसीद को हल्के में लेना। यह सिर्फ एक कागज नहीं, आपके कब्जे का सबसे ताजा सरकारी प्रमाण है। हर साल की रसीद PDF में सेव करके रखिए और एक प्रिंट फाइल में लगाइए। जमीन के पुराने मुकदमों में लगातार कटी हुई रसीदें बहुत मजबूत सबूत मानी जाती हैं।
चौथी गलती, दाखिल खारिज से पहले लगान का बकाया छोड़ देना। नई जमीन खरीदने के बाद लोग सीधे दाखिल खारिज के लिए आवेदन कर देते हैं, जबकि उस जमीन पर पिछले मालिक का लगान बकाया रहता है। इससे आवेदन अटक जाता है। दाखिल खारिज की पूरी प्रक्रिया और स्टेटस देखने का तरीका हमने Dakhil Kharij Status वाले आर्टिकल में समझाया है।
bhulagan.bihar.gov.in पर जाकर जिला, अंचल, हल्का और मौजा चुनें, फिर जमाबंदी संख्या या खाता-खेसरा से अपनी जमीन खोजकर ऑनलाइन भुगतान करें। भुगतान UPI, कार्ड या नेट बैंकिंग से हो जाता है।
क्या अब ऑफलाइन लगान रसीद कट सकती है?
नहीं। विभाग ने वित्तीय वर्ष 2020-21 से मैनुअल रसीद काटना बंद कर दिया है। अब पूरा भुगतान ऑनलाइन पोर्टल से ही होता है।
Lagan rasid download kaise kare?
भुगतान सफल होते ही रसीद स्क्रीन पर आ जाती है और वहीं से PDF डाउनलोड की जा सकती है। बाद में निकालनी हो तो पोर्टल पर Transaction ID डालकर भुगतान सत्यापित करें और रसीद प्रिंट करें।
लगान की राशि कितनी होती है?
यह जमीन के रकबे और किस्म पर निर्भर करता है। आम तौर पर यह रकम बहुत छोटी होती है — कुछ रुपये से लेकर लगभग ₹500 तक। सटीक राशि पोर्टल पर जमाबंदी खोलते ही बकाया के रूप में दिख जाती है।
यह जमीन के रकबे और किस्म पर निर्भर करता है। आम तौर पर यह रकम बहुत छोटी होती है — कुछ रुपये से लेकर लगभग ₹500 तक। सटीक राशि पोर्टल पर जमाबंदी खोलते ही बकाया के रूप में दिख जाती है।
दोबारा भुगतान न करें। पोर्टल पर लंबित भुगतान वाले विकल्प में Transaction ID डालकर स्थिति जांचें। सफल दिखने पर रसीद वहीं से निकल आएगी, असफल होने पर रकम कुछ दिनों में वापस आ जाती है।
Bhu lagan bakaya kaise dekhe?
पोर्टल के होम पेज पर “बकाया देखें” विकल्प चुनें, फिर जिला, अंचल, हल्का और मौजा चुनकर अपनी जमाबंदी खोजें। स्क्रीन पर पिछले वित्तीय वर्षों का पूरा बकाया और कुल देय राशि दिख जाएगी।
नेट बैंकिंग न हो तो लगान कैसे जमा करें?
ऐसी स्थिति में UPI से भुगतान किया जा सकता है, या बैंक चालान (ई-चालान) का विकल्प चुनकर उसे बैंक शाखा में जमा किया जा सकता है। भुगतान की पुष्टि होने के बाद रसीद जारी हो जाती है।
Purani lagan rasid download kaise kare?
अपनी जमाबंदी पोर्टल पर खोलें और “पिछले भुगतान का विवरण” वाले हिस्से में जाएं। वहां हर वित्तीय वर्ष की रसीद के आगे देखने का विकल्प मिलेगा, जिससे उसे प्रिंट या PDF में सेव किया जा सकता है।
क्या दूसरे की जमीन का लगान भी भरा जा सकता है?
पोर्टल पर कोई भी जमाबंदी खोलकर भुगतान किया जा सकता है, इसलिए भरने से पहले खाता, खेसरा और रकबा जरूर मिलाएं। गलत जमाबंदी में भुगतान हो जाने पर उसे सुधरवाना काफी मुश्किल होता है।
भू-लगान की रकम भले ही मामूली हो, लेकिन उससे मिलने वाली रसीद आपकी जमीन का सबसे ताजा सरकारी प्रमाण है। अब जब पूरी प्रक्रिया घर बैठे मोबाइल से पांच मिनट में पूरी हो जाती है, तो इसे टालने का कोई कारण नहीं बचता। आज ही पोर्टल खोलकर अपनी जमाबंदी का बकाया देख लीजिए, भुगतान कर दीजिए और रसीद PDF में सेव कर लीजिए। दाखिल खारिज या जमीन बेचने के समय यही एक कागज सबसे पहले मांगा जाता है, और तब जुटाने बैठने से काम महीनों लटक जाता है।
Bihar Bhumi Dakhil Kharij Status: बिहार में जमीन खरीदने के बाद सबसे जरूरी काम होता है उसका दाखिल खारिज कराना, यानी सरकारी रिकॉर्ड में नए मालिक का नाम चढ़वाना। आवेदन करने के बाद ज्यादातर लोग बार-बार अंचल कार्यालय के चक्कर लगाते रहते हैं, जबकि उनका आवेदन किस चरण में पहुंचा है, यह घर बैठे मोबाइल से ही देखा जा सकता है।
इस आर्टिकल में हम बता रहे हैं कि टोकन नंबर और केस नंबर — दोनों तरीकों से mutation status online कैसे देखें, आवेदन में कौन-कौन से दस्तावेज लगते हैं, कानूनी रूप से कितने दिन में काम पूरा होना चाहिए, आवेदन रिजेक्ट होने पर कहां अपील करें और किस नंबर पर शिकायत करें। जमीन से जुड़ी बाकी सेवाओं के लिए हमारा Bihar Bhumi Jamabandi वाला आर्टिकल भी देख सकते हैं। यहां आपको पूरी जानकारी आसान भाषा में बता रहे हैं ताकि आपको इसका पूरा लाभ मिल सके।
यह जानकारी राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग, बिहार सरकार के दाखिल खारिज नियमावली संबंधी प्रावधानों और आधिकारिक पोर्टल पर उपलब्ध सेवाओं पर आधारित है। पूरी जानकारी यहां देखें पर उपलब्ध है।
Bihar Dakhil Kharij – Overview
जानकारी
विवरण
सेवा का नाम
दाखिल खारिज (Land Mutation)
Launched By
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग, बिहार सरकार
राज्य/Central
सिर्फ बिहार राज्य के लिए
किसके लिए
जमीन खरीदने, विरासत, दान या बंटवारे से मालिकाना हक पाने वाले रैयत
मुख्य लाभ
सरकारी रिकॉर्ड में नए मालिक का नाम दर्ज, जिससे lagan rasid, jamabandi nakal और बैंक लोन की सुविधा मिलती है
आवेदन शुल्क
पोर्टल से ऑनलाइन आवेदन निःशुल्क; CSC से कराने पर सेवा शुल्क लग सकता है
प्रक्रिया
पूरी तरह ऑनलाइन (apply online एवं status check)
निष्पादन की समय सीमा
आपत्ति न होने पर लगभग 35 दिन
Status चेक करने के तरीके
Token Number और Case Number
Helpline
टोल फ्री 18003456215
Official Website
biharbhumi.bihar.gov.in
Dakhil Kharij क्या है और क्यों जरूरी है?
जमीन की रजिस्ट्री हो जाने भर से आप सरकारी कागजों में उसके मालिक नहीं बन जाते। रजिस्ट्री एक अलग प्रक्रिया है और land mutation bihar यानी दाखिल खारिज अलग। दाखिल खारिज वह प्रक्रिया है जिसमें पुराने मालिक का नाम हटाकर नए मालिक का नाम राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज किया जाता है।
जब तक दाखिल खारिज नहीं होता, तब तक आप अपने नाम से lagan rasid नहीं कटवा सकते, jamabandi nakal में आपका नाम नहीं आता, बैंक से जमीन पर लोन लेने में दिक्कत आती है और आगे उस जमीन को बेचने में भी बड़ी अड़चन खड़ी हो जाती है। इसीलिए रजिस्ट्री के तुरंत बाद दाखिल खारिज के लिए आवेदन कर देना चाहिए।
Dakhil Kharij Status Check करने के दो तरीके
बिहार भूमि पोर्टल पर स्टेटस देखने के दो अलग रास्ते हैं। आवेदन के तुरंत बाद मिलने वाली रसीद पर टोकन नंबर रहता है, जबकि अंचल कार्यालय में मामला दर्ज होने के बाद केस नंबर बनता है। दोनों में से जो भी आपके पास हो, उसी से स्टेटस देखा जा सकता है।
Check by Token Number
सबसे पहले biharbhumi.bihar.gov.in के होम पेज पर जाएं।
“दाखिल खारिज आवेदन स्थिति” या आवेदन ट्रैक करने वाले विकल्प पर क्लिक करें।
नए पेज पर अपना जिला, अंचल, वित्तीय वर्ष और टोकन नंबर दर्ज करें।
“खोजें” पर क्लिक करते ही आपके आवेदन की मौजूदा स्थिति स्क्रीन पर आ जाएगी।
Check by Case Number
emutation.bihar.gov.in या बिहार भूमि पोर्टल के म्यूटेशन सेक्शन में जाएं।
“दाखिल खारिज की स्थिति देखें” वाला विकल्प चुनें।
अपना जिला, अंचल, वित्तीय वर्ष और केस नंबर दर्ज करें।
Search पर क्लिक करते ही पूरा विवरण खुल जाएगा, जिसमें सुनवाई की तारीख भी दिखती है।
यही दोनों तरीके हर साल एक जैसे रहते हैं। कई लोग dakhil kharij status check 2027 जैसी सर्च करते हैं, लेकिन प्रक्रिया में कोई बदलाव नहीं होता — बस स्टेटस देखते समय वित्तीय वर्ष वाले खाने में सही साल चुनना होता है, वरना आवेदन नहीं मिलेगा। पुराने आवेदन का स्टेटस देखने में सबसे आम गलती यही होती है कि लोग चालू वित्तीय वर्ष चुन लेते हैं।
Mutation Status Online में दिखने वाले शब्दों का मतलब क्या है?
स्टेटस खुलने के बाद ज्यादातर लोग यह समझ ही नहीं पाते कि उनका आवेदन असल में कहां अटका है। नीचे आमतौर पर दिखने वाली स्थितियों का सीधा मतलब दिया गया है।
Status
इसका मतलब
आपको क्या करना चाहिए
आवेदन प्राप्त / Pending
आवेदन जमा हो चुका है, जांच शुरू नहीं हुई
इंतजार करें, समय सीमा गिनना शुरू करें
जांच प्रक्रिया में / Under Process
राजस्व कर्मचारी या अंचल निरीक्षक जांच कर रहे हैं
कागजात तैयार रखें, बुलावा आने पर तुरंत जाएं
आपत्ति दर्ज / Objection
किसी पक्ष ने आपत्ति दी है
सुनवाई की तारीख पर सबूत के साथ हाजिर हों
अस्वीकृत / Rejected
आवेदन खारिज कर दिया गया
कारण पढ़ें, 30 दिन के भीतर अपील करें
स्वीकृत / Approved
दाखिल खारिज मंजूर हो गया
नई जमाबंदी और लगान रसीद निकलवा लें
Required Documents for Bihar Dakhil Kharij
आधार कार्ड
विक्रय पत्र यानी रजिस्ट्री के कागजात
पिछली जमाबंदी की कॉपी
भू-लगान की ताजा रसीद
संपत्ति का पूरा विवरण (खाता, खेसरा, रकबा)
शपथ पत्र
पासपोर्ट साइज फोटो और चालू मोबाइल नंबर
विरासत या बंटवारे के मामले में इनके अलावा वंशावली और मृत्यु प्रमाण पत्र भी मांगा जाता है। सभी दस्तावेज स्कैन करके साफ पढ़ने लायक PDF में रखें, क्योंकि धुंधले कागजात सबसे ज्यादा आवेदन रिजेक्ट कराते हैं।
Bihar Bhumi Portal पर Apply Online कैसे करें?
biharbhumi.bihar.gov.in के होम पेज पर “ऑनलाइन दाखिल खारिज करें” विकल्प चुनें।
नए उपयोगकर्ता Registration फॉर्म भरकर रजिस्ट्रेशन पूरा करें।
मोबाइल नंबर और OTP की मदद से पोर्टल में लॉगिन करें।
“Apply Online for Mutation” पर क्लिक करें।
अपना District और Circle चुनकर “Apply for New Mutation” पर जाएं।
आवेदन फॉर्म में मांगी गई सभी जानकारी भरकर Save & Next करें।
सभी दस्तावेज स्कैन करके अपलोड करें।
Verify Mobile विकल्प से OTP के जरिए नंबर सत्यापित करें।
Preview & Submit पर जाकर पूरी जानकारी दोबारा जांचें।
Final Submit करने के बाद OTP डालकर Confirm करें।
अंत में मिलने वाली स्लिप डाउनलोड करके प्रिंट निकाल लें — इसी पर टोकन नंबर रहता है।
ध्यान रखें कि यह पूरा काम अंचल कार्यालय (anchal karyalay) जाए बिना घर से हो जाता है। जिन्हें ऑनलाइन करने में दिक्कत हो, वे नजदीकी CSC से भी आवेदन करा सकते हैं।
बिहार में दाखिल खारिज में कितना समय लगता है?
यह सवाल सबसे ज्यादा पूछा जाता है। दाखिल खारिज नियमावली में संशोधन के बाद, जिन आवेदनों पर कोई आपत्ति नहीं होती, उनके निष्पादन की समय सीमा बढ़ाकर 35 दिन कर दी गई थी। पहले यह अवधि 18 दिन थी।
वहीं जिन मामलों में किसी पक्ष की आपत्ति आ जाती है, उनके लिए समय सीमा 75 कार्यदिवस तक रखी गई है। पहले यह 60 दिन थी। यानी सामान्य मामला करीब सवा महीने में और विवादित मामला तीन महीने से कुछ ज्यादा समय में निपटना चाहिए।
अगर आपका आवेदन इस समय सीमा से ज्यादा लटका हुआ है, तो चुप मत बैठिए। जिला स्तर पर लंबित मामलों की नियमित समीक्षा होती है और तय समय के बाद लंबित पड़े आवेदनों पर संबंधित अधिकारी की जवाबदेही बनती है। ऐसे में लिखित शिकायत का असर पड़ता है।
Dakhil Kharij Reject Hone Par Kya Kare?
आवेदन खारिज होने पर सबसे पहले स्टेटस में दिया गया कारण ध्यान से पढ़ें। मोटे तौर पर दो स्थितियां बनती हैं।
छोटी गलती होने पर: अगर कोई दस्तावेज छूट गया है, फोटो धुंधली है या खाता-खेसरा में टाइपिंग की गलती है, तो आवेदन सुधार के लिए वापस कर दिया जाता है। ऐसे में गलती ठीक करके दोबारा आवेदन कर देना सबसे तेज रास्ता है।
बड़ी आपत्ति होने पर: अगर दस्तावेज या मालिकाना हक को लेकर आपत्ति है, तो दोबारा आवेदन करने से बात नहीं बनेगी। ऐसी स्थिति में रिजेक्शन के 30 दिनों के भीतर संबंधित DCLR (Deputy Collector Land Reforms) या अनुमंडल पदाधिकारी के पास अपील दायर करनी होती है। वहां भी सुनवाई न हो तो आगे ADM कोर्ट या सिविल कोर्ट का रास्ता खुला रहता है।
अपील के 30 दिन वाली समय सीमा का खास ध्यान रखें। यह अवधि निकल जाने के बाद मामला काफी लंबा और खर्चीला हो जाता है।
Dakhil Kharij Helpline Number Bihar
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने जमीन से जुड़ी समस्याओं के लिए टोल फ्री हेल्पलाइन 18003456215 शुरू की है। इस नंबर पर पोर्टल की तकनीकी दिक्कत, दस्तावेज अपलोड में समस्या, विभागीय जानकारी और शिकायत — सब पर सहायता मिलती है। यह सेवा कार्यालय अवधि में उपलब्ध रहती है।
एक बात और साफ कर देना जरूरी है — कई लोग bihar bhumi app download करके काम करने की कोशिश करते हैं। Play Store पर इस नाम से कई ऐप मौजूद हैं, लेकिन वे विभाग के आधिकारिक ऐप नहीं हैं। दाखिल खारिज का आवेदन और स्टेटस हमेशा official website यानी biharbhumi.bihar.gov.in से ही देखें, किसी तीसरे ऐप पर अपने दस्तावेज अपलोड न करें।
Expert Insight: ये चार बातें आपका आवेदन बचा लेंगी
पहली बात, टोकन नंबर वाली स्लिप को रजिस्ट्री जितना ही जरूरी मानिए। आवेदन के बाद मिलने वाली इसी स्लिप से आगे सारा काम चलता है। बहुत से लोग इसे संभालकर नहीं रखते और फिर स्टेटस तक नहीं देख पाते। स्लिप की फोटो खींचकर फोन में और एक कॉपी ईमेल पर भेजकर सुरक्षित रख लीजिए।
दूसरी बात, आवेदन करने से पहले पुरानी जमाबंदी जरूर मिलाइए। सबसे ज्यादा आवेदन इसी वजह से खारिज होते हैं कि रजिस्ट्री में लिखा खाता, खेसरा या रकबा पुरानी जमाबंदी से मेल नहीं खाता। यह जांच पहले ही कर लेने से महीनों का समय बच जाता है।
तीसरी बात, बंटवारे के मामलों के लिए अब अलग व्यवस्था है। विभाग ने पारिवारिक बंटवारे से जुड़े दाखिल खारिज के लिए अलग पोर्टल की शुरुआत की है। अगर आपका मामला भाइयों के बीच बंटवारे का है, तो सामान्य म्यूटेशन के बजाय उसी रास्ते से आवेदन करने पर काम जल्दी होता है।
चौथी बात, बिचौलियों से दूर रहिए। पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन और निःशुल्क है, इसलिए दाखिल खारिज कराने के नाम पर हजारों रुपये मांगने वाले किसी भी व्यक्ति की जरूरत नहीं है। दिक्कत आने पर सीधे हेल्पलाइन पर कॉल कीजिए या अंचल कार्यालय में लिखित शिकायत दीजिए — यही सबसे सस्ता और सबसे असरदार तरीका है।
biharbhumi.bihar.gov.in पर जाकर जिला, अंचल, वित्तीय वर्ष और टोकन नंबर दर्ज करके स्टेटस देखा जा सकता है। केस नंबर उपलब्ध हो तो म्यूटेशन स्टेटस वाले पेज से भी स्थिति जांची जा सकती है।
Bihar bhumi mutation status check by case number कैसे करें?
पोर्टल पर “दाखिल खारिज की स्थिति देखें” विकल्प खोलें, फिर अपना जिला, अंचल, वित्तीय वर्ष और केस नंबर भरकर Search करें। इसमें सुनवाई की तारीख भी दिख जाती है।
Token number se dakhil kharij status kaise check kare?
आवेदन के बाद मिली स्लिप पर लिखा टोकन नंबर पोर्टल के आवेदन स्थिति वाले पेज पर दर्ज करें और सही वित्तीय वर्ष चुनें। स्टेटस तुरंत स्क्रीन पर आ जाएगा।
बिहार में दाखिल खारिज में कितना समय लगता है?
आपत्ति न होने पर निष्पादन की समय सीमा लगभग 35 दिन है, जबकि आपत्ति वाले मामलों में यह 75 कार्यदिवस तक जा सकती है। इससे ज्यादा देर होने पर अंचल कार्यालय में लिखित शिकायत करें।
दाखिल खारिज रिजेक्ट होने पर क्या करें?
छोटी गलती होने पर उसे सुधारकर दोबारा आवेदन करें। दस्तावेज या मालिकाना हक पर आपत्ति होने पर 30 दिनों के भीतर DCLR या अनुमंडल पदाधिकारी के पास अपील दायर करें।
क्या दाखिल खारिज के लिए अंचल कार्यालय जाना जरूरी है?
आवेदन और स्टेटस चेक करने के लिए जाने की जरूरत नहीं, यह सब ऑनलाइन हो जाता है। लेकिन आपत्ति दर्ज होने या सुनवाई की तारीख मिलने पर हाजिर होना जरूरी हो जाता है।
जमीन की रजिस्ट्री कराने के बाद दाखिल खारिज कराना उतना ही जरूरी है जितना रजिस्ट्री खुद। अच्छी बात यह है कि अब आवेदन से लेकर स्टेटस देखने तक सब कुछ घर बैठे हो जाता है और इसके लिए किसी बिचौलिये की जरूरत नहीं। आज ही अपना टोकन या केस नंबर लेकर स्टेटस जांच लीजिए — अगर आवेदन 35 दिन से ज्यादा लटका है या रिजेक्ट हो चुका है, तो देर करना सबसे महंगा पड़ता है, क्योंकि अपील की 30 दिन वाली समय सीमा निकलने के बाद रास्ता लंबा और खर्चीला हो जाता है।